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राजस्थान के कई बांधों में पानी का आवक बढ़ी, जिला प्रशासन हुई सतर्क

बांध में बांजना व ऐराव नदी से पानी की आवक हो रही है जिसके चलते बांध के दो गेट आधा-आधा मीटर तक खुले हुए है. बांध का जलस्तर अभी वर्तमान में 281.15 मीटर तक है.

राजस्थान के कई बांधों में पानी का आवक बढ़ी, जिला प्रशासन हुई सतर्क
बांध की सुरक्षा के लिए जिला प्रशासन व पुलिस पूरी तरह से सर्तक है.

उदयपुर: राजस्थान में भारी बारिश से पूरे प्रदेश में बाढ़ जैसे हालात बन गए हैं. वहीं बांसवाडा जिलें के सबसे बड़े माही बजाज सागर बांध मे पानी की आवक अभी भी लगातार जारी है. बांध में बांजना व ऐराव नदी से पानी की आवक हो रही है जिसके चलते बांध के दो गेट आधा-आधा मीटर तक खुले हुए है. बांध का जलस्तर अभी वर्तमान में 281.15 मीटर तक है जबकि बांध की कुल भराव क्षमता 281.50 मीटर है. बांध में पिछले चार दिन से 16 गेट खोले गए थे तब पानी की आवक ओर भी तेज भी. बांध की सुरक्षा के लिए जिला प्रशासन व पुलिस पूरी तरह से सर्तक है. वहीं लोग भी बांध को देखने के लिए सैंकड़ों की संख्या में पहुंच रहे हैं.

वहीं बारिश के कारण मोरेल बांध पर 21 साल बाद चादर चली है. साथ ही बांध को देखने के लिए लगी लोगों की भीड़ लग गई है. लेकिन पुलिस ने सुरक्षा के मद्देनजर इलाके में नाकेबंदी कर दी है. दूसरी ओर दौसा जिले के लालसोट उपखंड क्षेत्र के मोरेल बांध में लगातार पानी की आवक हो रही है. वहीं मां गंगा का स्वरूप मानते हुए ग्रामीण रामप्रसाद मीणा बगडी, कमलेश कांकरिया, मीठालाल मीना सहित सिंचाई विभाग के अधिकारियों ने पूजा अर्चना की. वही दूसरी तरफ सन 1984 में बने मोरेल नदी की पुलिया के नीचे हो कर पहली बार 35 साल बाद बांध की चादर का पानी निकला. 1981 में ही नदी में हो कर पानी निकला था. 

इधर उफरा को देखने के लिए लोगों की भारी तादाद में भीड़ लगी रही. किसी भी अप्रिय हादसे से बचने के लिए पुलिस प्रशासन द्वारा नाकेबंदी कर लोगों को बांध क्षेत्र पर पहुंचने से रोकने का काम किया. दूसरी तरफ लगातार हो रही बरसात तथा बांध के डूब क्षेत्र में स्थिति ढाणियों को हटाने के लिए प्रशासन दिन रात जुटा रहा. तहसीलदार राजेश मीणा विकास अधिकारी योगेश मीणा सरपंच मुकेश मीणा मिर्जापुरा नदी वाली ढाणी में पहुंचकर डूब क्षेत्र में बसे लोगों को हटाने की कार्रवाई की तथा श्रीमा खटवा सहित क्षेत्र के ढाणियों में बसे लोगों को मकान खाली कराने के निर्देश दिए.

साथ ही हालात की निगरानी के लिए राजस्व कर्मियों की टीम को तैनात किया गया. इधर दूसरी तरफ खटवा यज्ञशाला मालिया ढाणी में बांध क्षेत्र का पानी की आवक होने से लोगों में हड़कंप मचा रहा. इस अवसर पर मौके पर सहायक अभियंता मांगीलाल मीणा थाना अधिकारी हरदयाल मीणा सहित अन्य अधिकारी मौके पर नजर आए. वहीं दूसरी तरफ बांध का पानी खटवाक्षेत्र में आ जाने से बिलौना कला से खटवा तक जाने के रास्ते बंद हो गए.