क्या महाराष्ट्र में फिर साथ आने वाले हैं बीजेपी-शिवसेना? उद्धव ठाकरे के इस बयान से शुरू हुए कयास
X

क्या महाराष्ट्र में फिर साथ आने वाले हैं बीजेपी-शिवसेना? उद्धव ठाकरे के इस बयान से शुरू हुए कयास

क्या महाराष्ट्र (Maharashtra) में फिर से शिवसेना और बीजेपी का गठबंधन (BJP-Shiv Sena Alliance) होने वाला है? सीएम उद्धव ठाकरे के एक बयान के बाद इस संबंध में कयासबाजी का दौर शुरू हो गया है.

क्या महाराष्ट्र में फिर साथ आने वाले हैं बीजेपी-शिवसेना? उद्धव ठाकरे के इस बयान से शुरू हुए कयास

मुंबई: क्या महाराष्ट्र (Maharashtra) में एक बार फिर नए राजनीतिक समीकरण बन रहे हैं? क्या राज्य में फिर से शिवसेना और बीजेपी का गठबंधन (BJP-Shiv Sena Alliance) होने वाला है? महाराष्ट्र के सीएम उद्धव ठाकरे (Uddhav Thackeray) के शुक्रवार को दिए गए एक बयान से कयासबाजी का दौर शुरू हो गया.

कार्यक्रम में भाग लेने पहुंचे थे सीएम उद्धव ठाकरे 

दरअसल औरंगाबाद में शुक्रवार को हैदराबाद मुक्ति संग्राम दिवस के मौके पर कार्यक्रम आयोजित किया गया था. सीएम उद्धव ठाकरे के अलावा इस कार्यक्रम में रेल राज्य मंत्री रावसाहेब दानवे और कांग्रेस नेता बालासाहेब थोराट भी मौजूद थे. 

मंच पर मौजूद मेरे पूर्व और भावी सहयोगी- सीएम उद्धव ठाकरे

सीएम ठाकरे (Uddhav Thackeray) ने अपने संबोधन में ‘मेरे पूर्व, वर्तमान और अगर हम साथ में आते हैं तो भावी सहयोगी’ कहकर संबोधित किया. बाद में एक अन्य समारोह में ठाकरे ने साफ किया कि उन्होंने पूर्व और वर्तमान सहयोगी इसलिए कहा था क्योंकि मंच पर सभी दलों के नेता थे. उन्होंने कहा, ‘अगर सब साथ आते हैं तो वे भावी सहयोगी भी बन सकते हैं. समय बताएगा.’

बीजेपी-शिवसेना गठबंधन के शुरू हुए कयास

उनके इन दोनों बयानों के बाद राज्य में फिर से बीजेपी और शिवसेना के पास आने (BJP-Shiv Sena Alliance) के कयास लगने शुरू हो गए हैं. वहीं ठाकरे के इस बयान पर फिलहाल बीजेपी (BJP) संभलकर बोल रही है. प्रदेश के पूर्व सीएम और बीजेपी नेता देवेंद्र फडणवीस ने इस मुद्दे पर बयान दिया है. उन्होंने कहा कि ठाकरे को अब मान लेना चाहिए कि शिवसेना के NCP और कांग्रेस के साथ अस्वाभाविक गठबंधन की वजह से राज्य को नुकसान उठाना पड़ रहा है.

देवेंद्र फड़नवीस ने कहा, ‘उन्हें यह समझकर अपनी बात रखनी चाहिए कि वह किस तरह के लोगों के साथ काम कर रहे हैं. राजनीति में सबकुछ संभव है, लेकिन राज्य भाजपा की आंख सत्ता पर नहीं है. हम एक सक्षम विपक्षी दल हैं और अपना काम करते रहेंगे.’

दो दशक तक साथ रह चुके हैं बीजेपी-शिवसेना

बताते चलें कि महाराष्ट्र में बीजेपी और शिवसेना (Shiv Sena) का गठबंधन दो दशक से ज्यादा का रहा है. दोनों पार्टियों ने बीएमसी समेत महाराष्ट्र की सत्ता में कई बार भागीदारी की है. पिछला चुनाव भी दोनों ने साथ मिलकर लड़ा था लेकिन मुख्यमंत्री का कार्यकाल आधा-आधा बांटने को लेकर दोनों के बीच इस कदर खटास पैदा हुई कि दोनों के रास्ते अलग हो गए. 

शिवसेना (Shiv Sena) ने बाद में कांग्रेस और एनसीपी के साथ मिलकर महाविकास आघाडी की सरकार बना ली. महाविकास आघाडी के नेताओं का दावा है कि शिवसेना-बीजेपी के गठबंधन की कोई संभावना नही है और आघाडी सरकार अपना कार्यकाल पूरा करेगी.  

ये भी पढ़ें- Hindutva को लेकर भिड़ी बीजेपी और शिवसेना, Mohan Bhagwat के बयान से विवाद

सरकार पर कोई खतरा नहीं- NCP

NCP नेता और महाराष्ट्र सरकार में मंत्री छगन भुजबल ने कहा, 'एनसीपी और कांग्रेस ने कभी भी सीएम ठाकरे को परेशान नहीं किया. जहां तक महाविकास अधाड़ी सरकार को लेकर बात है तो उसे किसी तरह का खतरा नही है.'

LIVE TV

Trending news