महाराष्ट्र: विभागों के बंटवारे पर कांग्रेस-शिवसेना की नाराजगी, अजित पवार ने दिया बड़ा बयान

महाराष्ट्र में मंत्रिमंडल विस्तार के बाद विधायकों में असंतोष दिन पर दिन बढ़ता जा रहा है.

महाराष्ट्र: विभागों के बंटवारे पर कांग्रेस-शिवसेना की नाराजगी, अजित पवार ने दिया बड़ा बयान
महाराष्ट्र के डिप्टी सीएम अजीत पवार बैठक के बाद मीडिया से चर्चा करते हुए.

मुंबई: महाराष्ट्र की उद्धव ठाकरे सरकार में मनचाहा विभाग न मिलने की रिपोर्टों से कांग्रेस और शिवसेना के कई मंत्री नाराज चल रहे हैं. हालांकि राज्य के उप-मुख्यमंत्री अजित पवार ने ऐसी खबरों को सिरे से नकार दिया है. राष्ट्रवादी कांग्रेस पार्टी (NCP) नेता ने कहा कि कोई भी इससे नाखुश नहीं है. पता हो कि राज्य में मंत्रिमंडल विस्तार के दो दिन बाद भी विभागों के आवंटन नहीं हो सका है.

बुधवार को गठबंधन के सहयोगियों शिवसेना, एनसीपी और कांग्रेस के नेताओं ने विभागों के आवंटन को लेकर बातचीत की. महाराष्ट्र के सीएम उद्धव ठाकरे और महा विकास अघाडी के नेताओं के साथ बैठक के बाद डिप्टी सीएम पवार ने बताया कि किस मंत्री को कौन-सी जिम्मेदारी दी जानी चाहिए, इस पर हमने चर्चा कर ली है. गुरुवार को पोर्टफोलियो ऑर्डर जारी किया जाएगा.

वहीं, कांग्रेस और शिवसेना को पोर्टफोलियो आवंटन से नाखुश होने की रिपोर्टों पर डिप्टी सीएम ने कहा कि कोई भी इससे दुखी नहीं है.

विधायकों में भी असंतोष
उधर, महाराष्ट्र में मंत्रिमंडल विस्तार के बाद विधायकों में असंतोष दिन पर दिन बढ़ता जा रहा है. पुणे के विधायक संग्राम थोपटे के समर्थकों ने कांग्रेस कार्यालय में तोड़फोड़ की, क्योंकि उन्हें मंत्री पद नहीं दिया गया. थोपटे ही नहीं, पूर्व गृहमंत्री सुशील कुमार शिंदे की बेटी प्रणीति शिंदे को भी मंत्रिमंडल से बाहर रखा गया. थोपटे के समर्थकों ने कांग्रेस अध्यक्ष सोनिया गांधी और राहुल गांधी को पत्र लिखा है, जबकि कुछ ने पार्टी के प्रति विद्रोही रवैया दिखाया है.

35 विधायक मंत्री बने
बता दें कि महाराष्ट्र के मुख्यमंत्री उद्धव ठाकरे ने सोमवार को अपने मंत्रिमंडल का विस्तार किया. उद्धव के बेटे आदित्य ठाकरे सहित 35 विधायकों ने मंत्री पद की शपथ ली, जिसमें कैबिनेट के 25 और राज्यमंत्री के 10 पद शामिल हैं. एनसीपी के वरिष्ठ नेता अजित पवार ने रिकार्ड बनाते हुए चौथी बार उप-मुख्यमंत्री पद की शपथ ली.