अखिलेश यादव से जुड़े हैं खनन माफिया के तार: सिद्धार्थ नाथ सिंह

सपा अध्यक्ष अखिलेश यादव ने खनन घोटाला में खुद का नाम आने पर कहा कि बीजेपी लोकसभा चुनाव से पहले उन्हें परेशान कर रही है. 

अखिलेश यादव से जुड़े हैं खनन माफिया के तार: सिद्धार्थ नाथ सिंह
योगी सरकार में मंत्री सिद्धार्थ नाथ सिंह ने प्रेस कांफ्रेंस कर अखिलेश यादव को निशाने पर लिया है.

लखनऊ: खनन घोटाला में समाजवादी पार्टी (सपा) और योगी आदित्यनाथ की सरकार के बीच वार-पलटवार का दौर जारी है. सपा अध्यक्ष अखिलेश यादव ने खनन घोटाला में खुद का नाम आने पर कहा कि बीजेपी लोकसभा चुनाव से पहले उन्हें परेशान कर रही है. इसके जवाब में योगी सरकार में मंत्री सिद्धार्थ नाथ सिंह ने प्रेस कॉन्फ्रेंस करके सीधे-सीधे आरोप लगाया कि खनन घोटाला में अखिलेश यादव की संलिप्तता है. उन्होंने कहा कि अखिलेश यादव बताएं- ई टेंडर तो लाते हैं, मगर आपके अधिकारी बी. चंद्रकला ई टेंडर का खुलेआम उल्लंघन करती हैं. 

उन्होंने कहा कि जब खनन घोटाला हुआ उस वक्त अखिलेश यादव के पास यह मंत्रालय था. 2012-13 में अखिलेश ने आईएएस चंद्रकला को हमीरपुर का डीएम क्यों बनाया. दिनेश कुमार मिश्रा, अंबिक तिवारी, संजय दीक्षित, अदिल खान से से आपके पार्टी और आपके क्या संबंध हैं. अखिलेश के बाद गायत्री प्रजापति को खनन मंत्री बनाया गया था. लखनऊ में जब घर खाली किया था तो दीवारें तोड़कर ले गए थे. दीवार के अंदर का राज बताएं, हमीरपुर के अंदर की लूट का राज दीवार के अंदर था.

सिद्धार्थ नाथ सिंह ने कहा कि सीबीआई स्वतंत्रत हैं, पार्टी की मांग है, सीबीआई को अखिलेश यादव को बुलाना चाहिए. 2016 में इलाहाबाद हाईकोर्ट ने मामले का संज्ञान लिया था. सीबीआई कार्रवाई गंठबंधन या चुनाव को देखकर नहीं करेगी. राजनीतिक पार्टियों को जवाब देना चाहिए की इतनी लूट कैसे हुई. 

अखिलेश यादव खनन मंत्री थे. उनकी चहेती अधिकारी ने घोटाला किया है, अखिलेश यादव जवाब दें. सहारनपुर, बरेली, कौशांबी में भी अवैध खनन हुआ है. अखिलेश यादव के गहरे रिश्ते माइनिंग माफिया से रहे हैं. शनिवार को 12 जगह सीबीआई ने छापेमारी की. कुछ अधिकारी शामिल हैं कुछ नेता भी हैं.

2012 में माइनिंग के कॉन्ट्रैक्ट देने के लिए ई टेंडर के जरिये कांट्रैक दिया गया. क्या चंद्रकला ने जो किया वो अखिलेश की जानकारी में था या नहीं. जब कांट्रैक्ट दिए गए तब माइनिंग विभाग किसके पास था. आप की पार्टी के क्या संबंध है आरोपियों से खनन लूट के जो तार है क्या इस वजह से गयात्री प्रजापति को अंडरग्राउंड किया गया था.

पूछताछ हुई तो दूंगा सीबीआई को जवाब: अखिलेश
समाजवादी पार्टी (सपा) अध्यक्ष और उत्तर प्रदेश के पूर्व मुख्यमंत्री अखिलेश यादव ने अपने कार्यकाल में हुए कथित अवैध खनन मामले पर सीबीआई की कार्यवाही के बाद खुद से पूछताछ की आशंका के बारे में रविवार को कहा कि वह सीबीआई को जवाब देने के लिये तैयार हैं, मगर बीजेपी यह याद रखे कि वह जिस संस्कृति को छोड़कर जा रही है, कल उसे भी उसका सामना करना पड़ेगा. अखिलेश ने यहां संवाददाताओं से बातचीत में खुद पर सीबीआई जांच की आंच पड़ने की आशंका के सवाल पर कहा, ‘सपा इस कोशिश में है कि ज्यादा से ज्यादा लोकसभा सीटें जीते. जो हमें रोकना चाहते हैं, उनके पास सीबीआई है. एक बार कांग्रेस ने सीबीआई जांच करायी थी, तब भी पूछताछ हुई थी. अगर बीजेपी यह सब करा रही है और सीबीआई पूछताछ करेगी तो हम जवाब देंगे. मगर जनता बीजेपी को जवाब देने के लिये तैयार है.’

उन्होंने कहा ‘आखिर सीबीआई छापेमारी क्यों कर रही है. जो पूछना है हमसे पूछ ले, लेकिन बीजेपी के लोग यह याद रखें कि जो संस्कृति वे छोड़कर जा रहे हैं, उसका कल उन्हें भी सामना करना पड़ेगा.’

अखिलेश ने तंज भरे लहजे में कहा कि अब तो सीबीआई को बताना पड़ेगा कि हमने गठबंधन में कितनी-कितनी सीटें बांटी हैं. ‘मुझे खुशी है इस बात की कि कम से कम बीजेपी ने अपना रंग दिखा दिया. पहले कांग्रेस ने हमें सीबीआई से मिलने का मौका दिया था. इस बार बीजेपी यह मौका दे रही है.’

उन्होंने कहा कि बीजेपी ने राजनीतिक शिष्टाचार ही खत्म कर दिया. बीजेपी चाहती है कि जैसा उसका सियासी शिष्टाचार है, वैसा ही दूसरे दलों का भी हो जाए. मगर, हम अपना राजनीतिक शिष्टाचार नहीं बदलेंगे. अगर कांग्रेस चोर बोल रही है तो बीजेपी चाहती है कि हम भी उसे चोर बोलें.

मालूम हो कि पूर्ववर्ती सपा सरकार के शासनकाल में वर्ष 2012 से 2016 के बीच राज्य में हुए कथित खनन घोटाला मामले में सीबीआई ने कल लखनऊ में आईएएस अफसर बी. चंद्रकला के घर पर छापा मारा था. सीबीआई ने बुंदेलखण्ड में अवैध खनन के मामले में इलाहाबाद उच्च न्यायालय के आदेश पर चंद्रकला समेत 11 लोगों पर मुकदमा दर्ज किया था. वर्ष 2012-13 में खनन विभाग तत्कालीन मुख्यमंत्री अखिलेश यादव के पास था. लिहाजा माना जा रहा है कि सीबीआई इस मामले में उनसे भी पूछताछ कर सकती है.