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उत्तराखंडः बद्रीनाथ की बर्फीली पहाड़ियों पर दिखा माउंटेन बाइकिंग का रोमांच

वेयर ईगल्स डेयर पिछले दस वर्षों से लगातार हर्सिल और गंगोत्री तक सर्दियों में बाईक चला रहे हैं उन्होने कहा कि उनका मकसद सर्दियों में भी साहसकि पर्यटन को बढावा देना है.

उत्तराखंडः बद्रीनाथ की बर्फीली पहाड़ियों पर दिखा माउंटेन बाइकिंग का रोमांच
माउंटेन्स पर बाइकिंग करते बाईक राईडर्स

(संदीप गुंसाई)/देहरादूनः बद्रीनाथ नेशनल हाईवे पर बाईक से बर्फीली सडकों पर सफर कर रहे ये युवा माउटेंन बाईकिंग साहसिक खेल को बढ़ावा देने में जुटे हैं. 6 जनवरी को 14 सदस्यीय माउन्टेंन बाईक रैली देहरादून से रवाना हई थी. इसमें अन्तर्राष्ट्रीय बाईक राईडर शामिल थे. दल ने पहले चमोली जिले के सीमान्त घाटी नीति में प्रवेश किया और बर्फीली सडकों को पार कर मलारी तक गए. इस घाटी में सर्दियों में केवल सेना और आईटीबीपी के जवान ही रहते हैं. घाटी इस समय बर्फ की सफेद चादर से ढकी हुई हैं.

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सर्दियों में बढ रहा है माउन्टेन बाईक का क्रेज
उत्तरकाशी के मूल निवासी पिछले 10 सालों से सर्दियों के दौरान माउन्टेंन बाईकिंग कर रहे हैं. तिलक बताते हैं कि हिमांचल और जम्मू कश्मीर की तरह उत्तराखंड में भी कई घाटियां ऐसी है जहां सर्दियों में बाईक का रोमांचाकारी सफर किया जा सकता है. इसमें हर्सिल, नेलांग, नीति, बद्रीनाथ माणा पास, मुन्स्यारी, यमुनोत्री प्रमुख हैं. यही नहीं इसके अलावा भी कई उच्च हिमालय क्षेत्र हैं जहां सर्दियों में बर्फ पड़ने के बाद जाया जा सकता है. तिलक सोनी बताते हैं वेयर ईगल्स डेयर पिछले दस वर्षों से लगातार हर्सिल और गंगोत्री तक सर्दियों में बाईक चला रहे हैं उन्होने कहा कि उनका मकसद सर्दियों में भी साहसकि पर्यटन को बढावा देना है. पिछले दस वर्ष से तिलक सोनी उत्तरकाशी, चमोली और पिथौरागढ में बाईक एक्सपीडिशन संचालित कर रहे हैं.

विंटर टूरिज्म को बढाना है मकसद
सर्दियों के समय चारधाम यात्रा जब बंद रहती है तो सैलानियों का भी रुख ना के बराबर हो जाता है. यमुनोत्री की पूजा खरसाली, गंगोत्री की पूजा मुखबा,केदारनाथ की ऊखीमठ और बद्रीनाथ की पूजा जोशीमठ में होती लेकिन जब चारों धामों के कपाट बंद हो जाते हैं तो फिर सैलानियों का आना भी कम हो जाता है, लेकिन माउन्टेन बाईक राईडिंग से ये युवा इन वीरान घाटियों में विंटर टूरिज्म को बढावा देने की कोशिश कर रहे है.

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आसान नही है बर्फिली सडकों पर बाईक राईडिंग
ये बाईकर्स जो तस्वीरों में दिख रहे है वो बद्रीनाथ नैशनल हाईवे की जो पूरी तरह बर्फ से ढकी है.बाईकर्स धीरे धीरे बर्फीली सड़कों पर बाईक चला रहे है.अन्तर्राष्ट्रीय बाईक राईडर धैर्य बताते है कि बर्फ में बाईक चलाते समय ब्रेक का प्रयोग कम करना चाहिए केवल गेयर और क्लच से बाईक को कंट्रोल करना चाहिए.