राहुल की नागरिकता पर कंफ्यूजन, बताएं लंदन वाले सच्‍चे हैं या लुटियंस वाले: बीजेपी

राहुल गांधी की नागरिकता को लेकर एक बार फिर से बहस शुरू हो गई है. गृह मंत्रालय द्वारा उनको इस संबंध में स्‍पष्‍टीकरण देने के लिए दो हफ्ते का वक्‍त दिया गया है.

राहुल की नागरिकता पर कंफ्यूजन, बताएं लंदन वाले सच्‍चे हैं या लुटियंस वाले: बीजेपी

नई दिल्‍ली: राहुल गांधी की नागरिकता को लेकर एक बार फिर से बहस शुरू हो गई है. गृह मंत्रालय द्वारा उनको इस संबंध में स्‍पष्‍टीकरण देने के लिए दो हफ्ते का वक्‍त दिया गया है. इस कड़ी में बीजेपी ने राहुल गांधी पर तीखा हमला बोलते हुए कहा कि वह 'मैन ऑफ मिस्‍ट्री' हैं. बीजेपी प्रवक्‍ता संबित पात्रा ने प्रेस कांफ्रेंस कर कहा कि भ्रम और राहुल एक दूसरे के पर्यायवाची हैं.

उन्‍होंने कहा कि ये पूरी तीन C की कहानी है. उनकी नागरिकता को लेकर कंफ्यूजन है. जवाब वही देंगे क्‍योंकि अब देश राहुल गांधी से स्‍पष्‍टीकरण मांग रहा है. इस मामले में कोई राजनीति नहीं है.

संबित पात्रा ने सवाल किया कि राहुल गांधी नेशनल हेराल्‍ड समेत कई कंपनियों के निदेशक रहे हैं. नेशनल हेराल्‍ड मामले में तो वह जमानत पर हैं. संबित पात्रा ने कहा कि हमारे पास कंपनी को बंद करने के कागज हैं, सालाना रिटर्न के कागज है. दो बार सालाना रिटर्न फाइल की गई है, उसके कागज हैं. एक तरह से राहुल उस कंपनी के मालिक हैं. 10 अक्टूबर 2005 को सालाना रिटर्न फाइल किया गया था उस हिसाब से राहुल गांधी 65% के शेयर होल्डर हैं.

संबित पात्रा ने कहा कि उस कागज में राहुल के बारे में साफ-साफ लिखा हुआ है कि मेरी नागरिकता ब्रिटिश है. उसके बाद कंपनी खुलने और बंद होते समय वो खुद को अंग्रेज (ब्रिटिश) बताते हैं. ये दस्‍तावेज राहुल गांधी द्वारा सत्यापित हैं. अब देश जानना चाहता है कि आप भारतीय हैं या अंग्रेज हैं.

संबित पात्रा ने कहा कि हमारे देश में दोहरी नागरिकता नहीं हो सकती. हमें जानना है कि राहुल ने क्यों रखी? आज कांग्रेस में कार्यकर्ता समझ नहीं पा रहे हैं कि हमारे अध्यक्ष देशी हैं या विदेशी. क्या राहुल अपनी नागरिकता के बारे में बताएंगे. क्‍या वो बताएंगे कि राहुल गांधी लंदन वाले हैं या लुटियंस दिल्‍ली वाले.

गृह मंत्रालय ने राहुल गांधी को भेजा नोटिस
उल्‍लेखनीय है कि कांग्रेस अध्यक्ष राहुल गांधी की नागरिकता के मामले में मिली शिकायत के आधार पर केंद्रीय गृह मंत्रालय ने उन्हें नोटिस जारी कर एक पखवाड़े के भीतर इस पर उनका 'तथ्यात्मक रुख' पूछा है. गृह मंत्रालय ने एक पत्र में कहा कि उसे भाजपा सांसद सुब्रमण्यम स्वामी की ओर से अर्जी मिली है. उसमें कहा गया है कि राहुल गांधी ब्रिटेन में 2003 में पंजीकृत कंपनी बैकऑप्स लिमिटेड के डायरेक्टर्स में शामिल थे.

मंत्रालय के अनुसार, स्वामी का कहना है कि ब्रिटिश कंपनी के 10 अक्टूबर, 2005 और 31 अक्टूबर, 2006 को भरे गए वार्षिक टैक्स रिटर्न में गांधी की जन्म तिथि 19 जून, 1970 बतायी गई है. उसमें गांधी को ब्रिटिश नागरिक बताया गया है. सोमवार को जारी नोटिस के अनुसार, इसके अलावा 17 फरवरी, 2009 को इस कंपनी की परिसमापन अर्जी में भी आपकी नागरिकता ब्रिटिश बतायी गई है. आपसे अनुरोध किया जाता है कि इस संबंध में आप एक सप्ताह के भीतर अपना तथ्यात्मक रूख मंत्रालय के समक्ष स्पष्ट करें.

राहुल जन्मजात भारतीय नागरिक: कांग्रेस
इस संबंध में कांग्रेस ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी पर निशाना साधते हुए कहा कि राहुल जन्मजात भारतीय नागरिक हैं , लेकिन ‘ फर्जी विमर्श ’ के जरिए बेरोजगारी एवं कृषि संकट जैसे असल मुद्दों से ध्यान भटकाने का प्रयास किया जा रहा है. पार्टी के मुख्य प्रवक्ता रणदीप सुरजेवाला ने संवाददाताओं से कहा, ‘‘पूरी दुनिया जानती है कि राहुल जन्मजात भारतीय नागरिक हैं. मोदी जी के पास बेरोजगारी, कृषि संकट और कालेधन के मुद्दों पर कोई जवाब नहीं है. ऐसे में वह ध्यान भटकाने के लिए अपनी सरकार के माध्यम से फर्जी विमर्श गढ़ रहे हैं.’’