चुनाव 2019: यूपी में उम्मीदवारों की लिस्ट में सबसे अमीर हैं हेमा मालिनी

सबसे कम सम्पत्ति घोषित करने वाले अम्बेडकरी हसनुराम हैं जो आगरा से निर्दलीय चुनाव लड़ रहे हैं. उन्होंने अपनी सम्पत्ति कुल 1200 रूपये घोषित की है.

चुनाव 2019: यूपी में उम्मीदवारों की लिस्ट में सबसे अमीर हैं हेमा मालिनी
(फाइल फोटो)

लखनऊ: लोकसभा चुनाव के दूसरे चरण में उत्तर प्रदेश की आठ सीटों पर पर्चा दाखिल करने वाले 23 प्रतिशत उम्मीदवार आपराधिक पृष्ठभूमि के हैं. वहीं, मथुरा से भाजपा प्रत्याशी अभिनेत्री हेमा मालिनी सबसे अमीर प्रत्याशी हैं. एसोसिएशन फॉर डेमोक्रेटिक रिफॉर्म्स (एडीआर) और उत्तर प्रदेश इलेक्शन वॉच ने लोकसभा चुनाव के दूसरे चरण में चुनाव लड़ रहे 85 में से 83 उम्मीदवारों के शपथ पत्रों का विश्लेषण किया. दो उम्मीदवारों के शपथपत्रों में स्पष्टता नहीं होने के कारण उन पर गौर नहीं किया जा सका. इस चरण में आगरा, अलीगढ़, अमरोहा, बुलन्दशहर, फतेहपुर सीकरी, हाथरस, मथुरा और नगीना सीटों पर चुनाव होगा.

एडीआर के राज्य संयोजक अनिल शर्मा ने बताया कि दूसरे चरण में 41 प्रतिशत उम्मीदवार करोड़पति है, जिसमें भारतीय जनता पार्टी, कांग्रेस, बसपा, समाजवादी पार्टी, भारतीय अनारक्षित पार्टी, अम्बेडकर समाज पार्टी, आप, राष्ट्रीय समाज रक्षा और लोकदल पार्टी के सभी उम्मीदवार करोड़पति हैं. हेमा मालिनी सबसे अमीर प्रत्याशी हैं जिनकी सम्पत्ति 250 करोड़ रुपये से अधिक है. दूसरे नम्बर पर कंवर सिंह तंवर हैं, जो अमरोहा से भाजपा के प्रत्याशी हैं. तीसरे नम्बर के प्रत्याशी महेश पाठक है जो मथुरा से कांग्रेस के टिकट पर चुनाव लड़ रहे हैं.

सबसे कम सम्पत्ति घोषित करने वाले अम्बेडकरी हसनुराम हैं जो आगरा से निर्दलीय चुनाव लड़ रहे हैं. उन्होंने अपनी सम्पत्ति कुल 1200 रूपये घोषित की है. दूसरे नम्बर पर फक्कड़ बाबा हैं जिन्होंने अपनी सम्पत्ति 12000 रूपये घोषित की है जो मथुरा से निर्दलीय चुनाव लड़ रहे है. तीसरे प्रत्याशी शादाब नूर हैं जिन्होंने अपनी सम्पत्ति कुल 20000 रूपये घोषित की है. वह फतेहपुर से आदर्श समाजवादी पार्टी के उम्मीदवार हैं. दूसरे चरण के उम्मीदवारों की औसत सम्पत्ति 8.14 करोड़ रुपये है. 

शर्मा ने बताया कि इस चरण में 23 प्रतिशत उम्मीदवारों ने अपने ऊपर आपराधिक मामले घोषित किये हैं, वही 17 प्रतिशत उम्मीदवारों ने अपने ऊपर गम्भीर आपराधिक मामले घोषित किये हैं. पार्टीवार गम्भीर आपराधिक मामलों में भाजपा के 38 प्रतिशत, बसपा के 33 प्रतिशत, कांग्रेस के 25 प्रतिशत, प्रगतिशील समाजवादी लोहिया एवं लोकदल के 50—50 प्रतिशत उम्मीदवार आपराधिक पृष्ठभूमि के हैं. आपराधिक मामलों में बुलंदशहर से बसपा के उम्मीदवार योगेश वर्मा पर 28 आपराधिक मामले दर्ज हैं, जिनमें हत्या का प्रयास, डकैती, सरकारी अधिकारियों से जबरदस्ती धन उगाही जैसे कई अपराध गम्भीर श्रेणी के अपराध हैं.

दूसरे नम्बर पर आगरा से भाजपा उम्मीदवार सत्यपाल सिंह बघेल हैं. उन पर पांच आपराधिक मामले दर्ज हैं. फतेहपुर सीकरी से कांग्रेस उम्मीदवार राज बब्बर पर चार आपराधिक मामले पंजीकृत हैं. उनमें जालसाजी, सरकारी कार्य में बाधा पहुंचाना जैसे अपराध पंजीकृत हैं. 

दूसरे चरण में विश्लेषण के दायरे में लिये गये 37 प्रतिशत उम्मीदवारों ने अपनी योग्यता 5वीं से 12वीं के बीच घोषित की है, जबकि 47 प्रतिशत उम्मीदवारों ने अपनी शैक्षणिक योग्यता स्नातक या उससे ज्यादा घोषित की है. सात उम्मीदवारों ने अपनी शैक्षणिक योग्यता साक्षर घोषित की है. पांच उम्मीदवारों ने अपनी शैक्षणिक योग्यता घोषित ही नहीं की है. इस चरण में 60 प्रतिशत उम्मीदवारों ने अपनी आयु 25 से 50 वर्ष के बीच घोषित की है जबकि 40 प्रतिशत उम्मीदवारों ने अपनी आयु 51 से 80 वर्ष के बीच घोषित की है.