'अथ श्री राष्ट्र गाथा' में वीरों की कथाओं के साथ दिया गया संतों का ज्ञान

प्रसिद्ध कथावाचक व राष्ट्र मंदिर विश्व रामायण आश्रम के संस्थापक पं.अजय भाई जी ने बताया, 'भारतीय संस्कृति में अध्यात्म व राष्ट्रवाद का समन्वय है और यह समन्वय समाज में देशभक्ति उत्पन्न करने के लिए आवश्यक है.'

'अथ श्री राष्ट्र गाथा' में वीरों की कथाओं के साथ दिया गया संतों का ज्ञान
इस प्रेरक कार्यक्रम की श्रृंखला स्कूल, कॉलेज, इंस्टिट्यूशन आदि में भी चलाई जाएगी.

नई दिल्लीः राष्ट्र मंदिर विश्व रामायण आश्रम द्वारा दिल्ली के यमुना विहार राष्ट्रवाद व अध्यात्म के जन जागरण के लिए  'अथ श्री राष्ट्र गाथा' का आयोजन किया गया. इस कथा में जहां एक तरफ वीर बलिदानी संतो, सैनिकों ,वीर ,वीरांगनाओं की शौर्य गाथाओं के बारे में बताया गया. वहीं तुलसी ,कबीर , मीराबाई,रहीम, रविदास जी आदि संतों के पदों का भी गान किया गया.

प्रसिद्ध कथावाचक व राष्ट्र मंदिर विश्व रामायण आश्रम के संस्थापक पं.अजय भाई जी ने बताया, 'भारतीय संस्कृति में अध्यात्म व राष्ट्रवाद का समन्वय है और यह समन्वय समाज में देशभक्ति उत्पन्न करने के लिए आवश्यक है.'

इस कथा में जहां संतों की वाणी है, तो वहीं वीरों की प्रेरक कहानियां भी हैं. साथ ही समय अनुसार जो सामाजिक विषय हैं, जैसे -जल व पर्यावरण संरक्षण, बेटी बचाओ बेटी पढ़ाओ , रक्तदान वअंगदान को प्रोत्साहन देना, भोजन व्यर्थ ना करें, पशु-पक्षियों के प्रति दया भाव आदि विषय भी रोचक ढंग से संगीत के साथ बताया गया, जिसका जनमानस पर गहरा प्रभाव पड़ता है.

कार्यक्रम प्रमुख प्रमोद गुप्ता ने बताया, 'कार्यक्रम मे कभी रंग दे बसंती चोला, सरफरोशी की तमन्ना अब हमारे दिल में है, कभी मीरा का भजन पायोजी मैंने राम रतन धन पायो, नरसी का पद,  वैष्णव जन तो तेने कहिए....आदि गाए गए. जिससे सभी भाव विभोर हो जाते है. इस कार्यक्रम में कारगिल के वीर शहीद सिपाहियों के परिवारों का भी सम्मान किया गया.'

सांसद मनोज तिवारी ने इस आयोजन के बारे में कहा कि इस प्रकार के प्रेरक कार्यक्रम समस्त भारत मे होने चाहिए. इस आयोजन की सफलता हेतु भारत के रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह ने भी अपना शुभकामना पत्र  कार्यक्रम के लिए प्रेषित किया और वरिष्ठ भाजपा नेता श्याम जाजू विजय शर्मा आलोक कुमार सहित अनेक गणमान्य व्यक्ति उपस्थित रहे.

ऐसा बताया जा रहा है कि इस प्रेरक कार्यक्रम की श्रृंखला स्कूल, कॉलेज, इंस्टिट्यूशन आदि में भी चलाई जाएगी.