'डोकलाम में भारत एवं चीन के बीच तनाव को लेकर पाकिस्तान है परेशान'

विदेश कार्यालय के प्रवक्ता नफीस जकारिया ने कहा कि ऐसा देखा गया है कि भारत में भाजपा सरकार के सत्ता में आने के बाद से भारत और पाकिस्तान के संबंधों में गिरावट आई है.

'डोकलाम में भारत एवं चीन के बीच तनाव को लेकर पाकिस्तान है परेशान'
जकारिया ने कहा, ‘‘क्षेत्रीय शांति बनाए रखना सभी देशों की जिम्मेदारी है. पाकिस्तान ने हमेशा क्षेत्र की शांति एवं समृद्धि चाही है.’’ (फाइल फोटो)

इस्लामाबाद: पाकिस्तान ने सिक्किम सेक्टर के डोकलाम क्षेत्र में भारतीय एवं चीनी बलों के बीच करीब दो महीने से जारी गतिरोध पर चिंता जताते हुए गुरुवार (3 अगस्त) को कहा कि क्षेत्रीय शांति बनाए रखना सभी देशों की जिम्मेदारी है. विदेश कार्यालय के प्रवक्ता नफीस जकारिया ने कहा कि पाकिस्तान ने सिक्किम सीमा में ‘‘भारतीय उल्लंघन’’ पर ध्यान दिया है और ‘‘क्षेत्र में बढ़ते भारतीय हठधर्मिता को लेकर चिंतित है जो क्षेत्रीय शांति एवं स्थिरता को खतरे में डाल रहा है.’’ उन्होंने कहा कि यह क्षेत्र के सभी देशों के हित में है कि वे क्षेत्रीय शांति एवं स्थिरता के लिए काम करें.

जकारिया ने कहा, ‘‘क्षेत्रीय शांति बनाए रखना सभी देशों की जिम्मेदारी है. पाकिस्तान ने हमेशा क्षेत्र की शांति एवं समृद्धि चाही है.’’ उन्होंने कहा कि ऐसा देखा गया है कि भारत में भाजपा सरकार के सत्ता में आने के बाद से भारत और पाकिस्तान के संबंधों में गिरावट आई है.

उन्होंने कहा, ‘‘भारत को यह समझने की आवश्यकता है कि सहयोग के जरिए क्षेत्रों के लोगों की बेहतरी हो सकती है. ऐसा करने के लिए हमें सभी विवादपूर्ण मामलों, विशेष रूप से जम्मू कश्मीर के मामले को सुलझाने की जरूरत है. भारत इस संबंध में सकारात्मक नहीं रहा है.’’ जकारिया ने भारत पर यह भी आरोप लगाया कि दक्षेस प्रक्रिया के प्रति अपने ‘‘रुख’’ से वह क्षेत्रीय आर्थिक विकास की प्रक्रिया को भी बाधित कर रहा है.

उन्होंने कहा, ‘‘दक्षेस का विशुद्ध लक्ष्य इस क्षेत्र के लोगों का आर्थिक विकास करना है. मैं इस बारे में विस्तार से बात नहीं करूंगा कि भारत ने इस प्रक्रिया को कैसे बाधित किया. दक्षेस का आयोजन पाकिस्तान में उचित समय पर होगा.’’