यूपी की मंत्री ने सरकारी अधिकारी को धमकाया, सीएम योगी ने किया तलब

राज्यमंत्री (स्वतंत्र प्रभार) स्वाति सिंह का मामला तूल पकड़ता जा रहा है. आरोप है कि स्वाति सिंह ने धोखाधड़ी के 150 से ज्यादा मामलों में जांच का सामना कर रहे अंसल के लिए पैरवी की और फोन करके सीओ को भी धमका दिया. 

Written by - Zee Hindustan Web Team | Last Updated : Nov 16, 2019, 03:46 PM IST
    • स्वाति सिंह ने सीओ को धमकी देने के आरोपों को गलत बताया है
    • वरिष्ठ कांग्रेस नेता रणदीप सिंह सुरजेवाला ने सीएम योगी पर निशाना साधा

ट्रेंडिंग तस्वीरें

यूपी की मंत्री ने सरकारी अधिकारी को धमकाया, सीएम योगी ने किया तलब

लखनऊः उत्तर प्रदेश में अभी सब कुछ ठीक नहीं चल रहा है. अभी कल तक अमेठी के डीएम का विवाद शांत हुआ ही था कि अब राज्यमंत्री (स्वतंत्र प्रभार) स्वाति सिंह का मामला तूल पकड़ता जा रहा है. आरोप है कि स्वाति सिंह ने धोखाधड़ी के 150 से ज्यादा मामलों में जांच का सामना कर रहे अंसल के लिए पैरवी की और फोन करके सीओ को भी धमका दिया. सीओ से उनकी इस बातचीत का ऑडियो वायरल होने के बाद हंगामा मचा हुआ है. सूत्रों को अनुसार सीएम योगी ने भी नाराजगी जताई और उन्होंने मामले में स्वाति सिंह को तलब किया है. 

डीजीपी से रिपोर्ट तलब करने को कहा
सीएम ने स्वाति को तलब किया और इस मामले में सफाई मांगी. करीब 25 मिनट तक सीएम योगी और स्वाति सिंह की मुलाकात हुई. इसके अलावा उन्होंने डीजीपी से भी 24 घंटों के अंदर रिपोर्ट तलब की है.

सूत्रों के मुताबिक, योगी ने कहा है कि किसी भी दागी या अपराधी की पैरवी बर्दाश्त नहीं की जाएगी. सीएम के निर्देश पर डीजीपी ओपी सिंह ने लखनऊ के एसएसपी से रिपोर्ट मांगी है. मंत्री स्वाति सिंह और सीओ कैंट बीनू सिंह की बातचीत का एक  कथित ऑडियो शुक्रवार को सोशल मीडिया पर वायरल हुआ. 

क्या है ऑडियो में यहां पढ़िए
ऑडियो में सामने आया है कि स्वाति सिंह ने सीओ को फोन किया है और शुरुआती दुआ-सलाम के बाद उनके तेवर सख्त हो गए. वह सीओ को अंसल के खिलाफ एफआईआर दर्ज करने के लिए डपटते हुए कह रही हैं कि चार दिन आए हुए और आप कौन सी जांच कर रही हैं.

इसके बाद उन्होंने सीओ को आकर मिलने की हिदयात दी है. इसी बीच उन्होंने मामले को हाईप्रोफाइल बताकर पार्टी नेतृत्व को भी लपेटे में ले लिया. उन्होंने खुद तो एफआईआर खत्म करने का दबाव बनाया ही साथ ही इसके लिए सीएम के नाम की भी धौंस दे दी. 

मंत्री ने जो कहा, उसकी बानगी
मंत्री :  हेलो
सीओ : गुड इवनिंग मै
मंत्री :  गुड इवनिंग, सीओ साहब आपने अंसल का कोई एफआईआर लिखा है क्या अंसल पे...
सीओ : हां, एक कनोडिया करके थे. पति-पत्नी का मैटर था, उसमें लिखा गया था.
मंत्री :  क्यों लिखा आपने, आपको पता नहीं है ऊपर से आदेश है कोई एफआईआर अभी नहीं लिखा जाएगा सारे फेक एफआईआर लिखे जा रहे हैं उसके ऊपर...
सीओ :  नहीं, वो तो जांच करके लिखी गई थी.
मंत्री :  कौन सी जांच हो गई भई, कौन सी जांच हो गई? इतना हाई प्रोफाइल केस है. पूरा जांच चल रहा है. आप कौन सी जांच कर रही हैं? चार दिन आए हुए आपको...
सीओ :  नहीं तो पहले की एप्लीकेशन है न उसके पांच-छह महीने पहले की
मंत्री :  अरे फर्जी है ये सब. खत्म करिए उसको. एक दिन आके बैठ लीजिएगा अगर यहां पर काम करना है तो... ठीक है. मैं गलत काम नहीं बोलती हूं. पता कर लीजिएगा.
सीओ: ठीक है।

सफाई में क्या बोलीं स्वाति
ऑडियो क्लिप सामने आने के बाद स्वाति सिंह ने सीओ पर ही भ्रष्टाचार का आरोप लगाया है, स्वाति सिंह ने सीओ को धमकी देने के आरोपों को गलत बताया है. उनका कहना है कि सीओ खुद को डीजीपी का रिश्तेदार बताती हैं और गरीब-पीड़ितों की एफआईआर नहीं दर्ज करती हैं. पैसे लेकर एफआईआर दर्ज कर लेती हैं. मैंने पहले भी इन्हें कई पीड़ितों के केस दर्ज करने के लिए कहा, पर उन्होंने नहीं दर्ज किए. मैंने खुद डीजीपी से उन्हें हटाने की सिफारिश की थी. इसके बाद सीओ ने बचने के लिए ऑडियो वायरल कर दिया. इन्हें जनप्रतिनिधि का ऑडियो वायरल करने का अधिकार किसने दे दिया? मैंने कभी कोई गलत सिफारिश नहीं की है. 

कांग्रेस ने सीएम पर साधा निशाना
इस तरह का मामला सामने आने के बाद कांग्रेस को भाजपा और सीएम को घेरने का मौका मिल गया है. वरिष्ठ कांग्रेस नेता रणदीप सिंह सुरजेवाला ने सीएम योगी पर निशाना साधते हुए कहा कि यूपी सरकार सीधे-सीधे भ्रष्टाचारियों को बचाने में लगी हुई है.

साफ है कि मामला केवल मंत्री तक सीमित नहीं, सीएम भी खुद अपराधियों का बचाव कर रहे हैं. उन्होंने तंज कसते हुए कहा कि मंत्री को बर्खास्त कर मामले में मुख्यमंत्री आदित्यनाथ की भूमिका की जांच होनी चाहिए. क्या न्याय होगा ?

एमनेस्टी इंटरनेशनल पर छापे क्यों पड़े, क्या कहता है FCRA, जानिए सरल भाषा में

ज़्यादा कहानियां

ट्रेंडिंग न्यूज़