क्‍या केंद्रीय विद्यालय हिंदुत्‍व को बढ़ावा दे रहे हैं? सुप्रीम कोर्ट ने केंद्र सरकार से पूछा

जनहित याचिका में कहा गया है कि देशभर में स्थित केंद्रीय विद्यालय के स्‍कूलों की हिंदी प्रार्थना के गीतों में हिंदू धर्म को बढ़ावा दिया जा रहा है और सरकार द्वारा चलाए जा रहे स्‍कूलों में ऐसा नहीं जाना चाहिए. 

क्‍या केंद्रीय विद्यालय हिंदुत्‍व को बढ़ावा दे रहे हैं? सुप्रीम कोर्ट ने केंद्र सरकार से पूछा
केंद्रीय विद्यालयों द्वारा देशभर में अपने स्‍कूलों के माध्‍यम से हिंदू धर्म को बढ़ावा दिए जाने का आरोप लगाती एक जनहित याचिका सुप्रीम कोर्ट में दायर हुई है. (फाइल फोटो)

नई दिल्‍ली : केंद्रीय विद्यालयों द्वारा देशभर में अपने स्‍कूलों के माध्‍यम से हिंदू धर्म को बढ़ावा दिए जाने का आरोप लगाती एक जनहित याचिका पर सुनवाई करते हुए सुप्रीम कोर्ट ने केंद्र सरकार को नोटिस जारी किया है. न्‍यायालय ने बुधवार को केंद्री को जारी करते हुए जवाब तलब किया है.

एक वकील द्वारा दायर की गई है जनहित याचिका
जनहित याचिका में कहा गया है कि देशभर में स्थित केंद्रीय विद्यालय के स्‍कूलों की हिंदी प्रार्थना के गीतों में हिंदू धर्म को बढ़ावा दिया जा रहा है और सरकार द्वारा चलाए जा रहे स्‍कूलों में ऐसा नहीं जाना चाहिए. यह याचिका एक वकील द्वारा दायर की गई है, जिनके बच्चे केंद्रीय विद्यालयों से पास हुए हैं. वकील ने याचिका में कहा है कि ये संविधान के अनुच्छेद 25 और 28 के खिलाफ है और इसे इजाजत नहीं दी जा सकती है. कानूनन राज्यों के फंड से चलने वाले संस्थानों में किसी धर्म विशेष को बढ़ावा नहीं दिया जा सकता.

 

 

सुप्रीम कोर्ट ने कहा, यह एक गंभीर संवैधानिक मामला
केंद्र से जवाब मांगते हुए सर्वोच्च न्यायालय ने कहा कि यह एक गंभीर संवैधानिक मामला है. सर्वोच्च न्यायालय यह फैसला करेगा कि क्या वास्तव में देशभर में स्थित 1100 केंद्रीय विद्यालयों में की जाने हिंदी प्रार्थना एक विशिष्ट धर्म को बढ़ावा देती है और क्‍या यह संविधान का उल्लंघन करती है.