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राजस्थान: गहलोत सरकार के पहले बजट से महिलाओं को मिल सकते हैं कई फायदे

गहलोत सरकार राजश्री योजना का विस्तार कर सकती है. इस योजना के जरिए बालिका के जन्म से लेकर 12वीं कक्षा तक बेटी की पढ़ाई, स्वास्थ्य और देखभाल के लिए अभिभावक को 50,000 तक की आर्थिक सहायता प्रदान की जाती है.

राजस्थान: गहलोत सरकार के पहले बजट से महिलाओं को मिल सकते हैं कई फायदे
फाइल फोटो

जयपुर: सरकार के बजट से सबसे ज्यादा उम्मीदे और आवश्यकता महिलाओं को होती है. गहलोत सरकार अपने पहले बजट से इस बार महिलाओं को कई सौगात दे सकती है. इसके साथ साथ कई नए योजनाएं भी सरकार महिलाओं के लिए लागू कर सकती है. गहलोत सरकार अपने पहले बजट में सरकारी खजाने से महिलाओं और बालिकाओं को कई सौगात दे सकती है. महिलाओं के उत्थान और उन्हें और अधिक सक्षम बनाने के लिए उनके लिए सरकारी कई तरह की योजनाएं लाएगी. इसके साथ साथ मौजूदा योजनाओं का विस्तार भी अपने पहले बजट में सरकार कर सकती है.

गहलोत सरकार राजश्री योजना का विस्तार कर सकती है. इस योजना के जरिए बालिका के जन्म से लेकर 12वीं कक्षा तक बेटी की पढ़ाई, स्वास्थ्य और देखभाल के लिए अभिभावक को 50,000 तक की आर्थिक सहायता प्रदान की जाती है. जिसमें बेटी के जन्म के समय 2500 रुपये, एक वर्ष का टीकाकरण होने पर 2500 रुपये, पहली कक्षा में प्रवेश लेने पर 4000 रुपये कक्षा 6 में प्रवेश लेने पर 5000 रुपये, कक्षा 10 में प्रवेश लेने पर 11000 रुपये, कक्षा 12 उत्तीर्ण करने पर 25000 रुपये की राशि दी जाती है, लेकिन अब सरकार इस योजना का विस्तार कर सकती है. जिसमें कॉलेज शिक्षा तक ये योजना लागू हो सकती है. सरकारी संभवतया कॉलेज शिक्षा के लिए भी आर्थिक सहायता दे सकती है.

राज्य सरकार बालिकाओं के लिए स्कूल, कॉलेज में निशुल्क सैनेट्री नैपकिन योजना भी ला सकती है. इस योजना के जरिए स्कूल कॉलेज में छात्राओं के लिए सेनेट्री नेप्किन मशीने लगा सकती है. हालांकि, ये योजना पहले भी चिकित्सा विभाग के सहयोग से चल रही थी, लेकिन कुछ चुनिंदा जगहों पर ही सेनेट्री नेप्किन दिए गए, इसके बाद यह योजना ठंडे बस्ते में चली गई. इसके साथ साथ आंगनबाड़ी साथिनों का भी मानदेय सरकार बढा सकती है. हालांकि, अक्टूबर 2018 में केंद्र सरकार ने मानदेय बढाया था, जो अब तक आगंनबाडी कार्यकर्ताओं को नहीं मिल रहा है. इसके साथ साथ महिलाओं की सुरक्षा के लिए भी सरकार कोई कठोर नीति लागू कर सकती है.

कांग्रेस सरकार ने अपने बजट घोषणा पत्र में महिलाओं के उत्थान का दावा किया था, जिसके बाद में अब सरकार अपने पहले बजट से अपने घोषणा पत्र को अमलीजामा पहचाने की पूरी कोशिश करेगी.