जयपुर में 55 सालों में दूसरी बार तापमान हुआ सबसे कम, घरों में ठिठुरे लोग

पिछले चार दिनों से राज्य के तापमान में गिरावट दर्ज की जा रही है. रविवार को माउंट आबू सबसे ठंडा रहा, जहां तापमान शून्य से 3 डिग्री नीचे दर्ज किया गया.

जयपुर में 55 सालों में दूसरी बार तापमान हुआ सबसे कम, घरों में ठिठुरे लोग
सीकर और फतेहपुर में तापमान 0 डिग्री सेल्सियस दर्ज हुआ.

जयपुर: राजस्थान में शीतलहर पड़ना जारी है और इसकी राजधानी जयपुर में न्यूनतम तापमान 1.4 डिग्री सेल्सियस पहुंच गया जो 55 वर्षो में दूसरा सबसे कम तापमान है. मौसम विभाग के अधिकारियों ने यह जानकारी दी. जयपुर में 13 दिसंबर, 1964 को सबसे कम तापमान 0 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया था.

पिछले चार दिनों से राज्य के तापमान में गिरावट दर्ज की जा रही है. रविवार को माउंट आबू सबसे ठंडा रहा, जहां तापमान शून्य से 3 डिग्री नीचे दर्ज किया गया. वहीं, जोबनेर में शून्य से 1.6 डिग्री सेल्सियस नीचे दर्ज किया गया. सीकर और फतेहपुर में तापमान 0 डिग्री सेल्सियस दर्ज हुआ, जबकि कोटा में 2.8 डिग्री, चुरू में 1.2 डिग्री, वनस्थली में 1.8 डिग्री, जैसलमेर में 3 डिग्री और बूंदी में 2 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया.

जबकि, बारां जिलेभर में तापमान मे लगातार गिरावट दर्ज की जा रही है. जिले में शीतलहर का प्रकोप बढ़ रहा है. गिरते तापमान से जनजीवन बुरी तरह से प्रभावित हो रहा है. ठंडी हवा से रात का तापमान लगातार गिरने से हाड़ कंपकंपाने वाली सर्दी के चलते हर कोई परेशान है. दिन के पारे के साथ-साथ रात के पारे में भी गिरावट के चलते सामान्य जनजीवन प्रभावित हो रहा है. लोग सर्दी से बचाव के लिए अलाव जलाने को मजबूर हैं.

दूसरी ओर मौसम विभाग के अधिकारियों के अनुसार, पिछले 24 घंटों में पश्चिम राजस्थान में कुछ स्थानों पर तापमान में एक से दो डिग्री की गिरावट दर्ज की गई. उत्तर प्रदेश, हरियाणा, चंडीगढ़, दिल्ली, बिहार, मध्य प्रदेश और राजस्थान में कुछ क्षेत्रों में पारा दो से तीन डिग्री तक बढ़ने के बावजूद ठंड से कोई राहत नहीं है.

मौसम विभाग ने यह भी बताया कि उत्तर-पश्चिम भारत के शेष हिस्सों में तापमान में कोई उल्लेखनीय परिवर्तन नहीं हुआ. यहां तक कि राजस्थान दिल्ली, हरियाणा और चंडीगढ़ में शीत लहर के चलते आईएमडी द्वारा रविवार को एक 'कोड रेड' चेतावनी भी जारी की गई है. आईएमडी के वर्गीकरण के तहत कोड रेड 'उच्चतम स्तर' को दर्शाता है और जनता को प्रतिकूल मौसम में एहतियात बरतने की चेतावनी दी गई है.