सुप्रीम कोर्ट का आदेश, अपने उम्मीदवारों का आपराधिक रिकॉर्ड जनता को बताएं पार्टियां

दिल्ली विधानसभा में चुनकर आए इन्हीं नेताओं में से आधे से ज़्यादा विधायकों पर क्रिमिनल केस दर्ज हैं.

सुप्रीम कोर्ट का आदेश, अपने उम्मीदवारों का आपराधिक रिकॉर्ड जनता को बताएं पार्टियां
(फाइल फोटो)

नई दिल्ली: देश की राजधानी दिल्ली ने अपनी सरकार चुन ली है और नई सरकार के सरताज 'AAP' यानी आम आदमी पार्टी को चुना है. दिल्लीवालों ने तो अपने पसंदीदा नेता को विधायक बना लिया है, लेकिन दिल्ली विधानसभा में चुनकर आए इन्ही नेताओं में से आधे से ज़्यादा विधायकों पर क्रिमिनल केस दर्ज हैं.

चुनाव नतीजे आने के बाद ADR द्वारा जारी की गई रिपोर्ट में सामने आई जानकारी के मुताबिक, 62 में से 38 विधायक दागी छवि के हैं. वहीं, सुप्रीम कोर्ट ने राजनीति से अपराधीकरण रोकने के मामले अहम फ़ैसला लिया. आपराधिक छवि वाले उम्मीदवारों दर्ज आपराधिक मामलों की जानकारी अखबारों, न्यूज़ चैनलों और सोशल मीडिया पर डालनी होगी. वहीं, जिस राजनीतिक पार्टी में आपराधिक छवि वाले नेता हैं उस पार्टी को कोर्ट को यह बताना होगा कि उसने साफ़ छवि की बजाय दागी नेता को क्यों चुना?

38 विधायकों पर आपराधिक मामले दर्ज
दिल्ली के मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल अपराधियों से भरी हुई है, जिनमें वो खुद पहले नंबर पर हैं. आपको यह जानकर हैरानी होगी कि केजरीवाल समेत दिल्ली की जनता द्वारा चुने हुए 38 विधायकों पर आपराधिक मामले दर्ज है. विधायकों पर बलात्कार, हत्या का प्रयास करने, महिलाओं का उत्पीड़न करने से लेकर धोखाधड़ी करने जैसे गंभीर मामले चल रहे विधायकों के हलफनामों की पड़ताल के आधार पर एडीआर ने दावा किया आम आदमी पार्टी के 62 में से 38 और भाजपा के 8 में से 5 विधायकों पर आपराधिक मामले दर्ज है.
 
बलात्कार का भी आरोप
एसोसिएशन फॉर डेमोक्रेटिक रिफॉर्म (ADR) की रिपोर्ट के मुताबिक, आम आदमी पार्टी ने सभी 70 विधानसभा सीटों पर अपने उम्मीदवार उतारे थे. इनमें से 62 सीटों पर आप ने जीत दर्ज की. 70 विधानसभा वाली दिल्ली में 43 विधायकों (61%) पर आपराधिक मामले चल रहे हैं. इनमें से 35 विधायकों (53%) पर गंभीर आपराधिक मामले दर्ज हैं. साल 2015 विधानसभा से ये संख्या 24 थी. दागी विधायकों में से कुल 9 विधायक दोषी करार दिए जा चुके हैं. एक विधायक पर आईपीसी की धारा- 307 (हत्या की कोशिश) के खिलाफ मामला दर्ज है. 13 विधायकों पर महिलाओं के खिलाफ अपराध से संबंधित केस चल रहे हैं. इन 13 में से 1 विधायक पर आईपीसी की धारा-376 के तहत बलात्कार का भी आरोप है.

देश की सर्वोच्च अदालत सख़्त
बहरहाल, दागी विधायकों की लंबी होती फ़ेहरिस्त पर देश की सर्वोच्च अदालत सख़्त है. कोर्ट ने इस मामले में अहम फ़ैसला देते हुए कहा कि राजनीतिक पार्टी उनके उम्मीदवारों पर चल राजे आपराधिक मामलों की जानकारी पब्लिक प्लेटफॉर्म पर साझा करे. साथ ही यह भी बताएं कि पार्टी ने ऐसे दागी उमीदवार को टिकट दिया क्यों? साल 2003 से सुप्रीम कोर्ट द्वारा राजनीति में होते अपराधीकरण को लेकर नकेल कसने की कोशिश जाती है, लेकिन तस्वीर नहीं बदल रही हाई साल 2015 में 24 दागी विधायकों की पार्टी रही आप साल 2020 में 38 दागी विधायकों के साथ सत्ता में है और सरकार भी बना रही है.

  1. दिल्ली के मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल पर सबसे ज्यादा क्रिमिनल केस दर्ज हैं.
  2. केजरीवाल पर कुल 13 केस चल रहे हैं, जिनमें से 3 मामले गंभीर हैं.
  3. दूसरे नंबर पर AAP के ओखला सीट से विधायक अमानतुल्लाह खान हैं. इन पर कुल 12 आपराधिक मामले दर्ज हैं.
  4. इसके अलावा मटिआला विधानसभा सीट से AAP के विधायक गुलाब सिंह पर 11 अपराध के मामले दर्ज हैं.
  5. आम आदमी पार्टी के विधायक शोएब इकबाल और सोमनाथ भारती के खिलाफ 6-6 केस चल रहे हैं.
  6. इसके अलावा आतिशी मार्लेना (1), आस.के.बग्गा (1), गोपाल राय(1), अखिलेश पति त्रिपाठी (4), संजीव झा (3), सोमनाथ भारती (6), सुरेंद्र कुमार (4), गुलाब सिंह (10), मनीष सिसोदिया (3) केस दर्ज हैं.