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Congress MP Mohammad Javed on JPC Meeting: वक्फ बोर्ड से जुड़े दो संशोधन बिल को लेकर जेपीसी की लगातार बैठकें जारी है. इस दौरान जेपीसी चीफ बीजेपी सांसद जगदंबिका पाल पर विपक्षी सांसद कई गंभीर इल्जाम लगा चुके हैं. इस बीच कांग्रेस सांसद और जेपीसी सदस्य मोहम्मद जावेद ने वक्फ बोर्ड से जुड़े दो संशोधन बिल की जांच के लिए गठित जेपीसी की प्रक्रिया पर चिंता जारी है और देश भर में किए जा रहे दौरों को "दिखावा" बताया है.
कांग्रेस सांसद मोहम्मद जावेद ने कहा, "हमने उनसे कहा कि ये दौरे महज दिखावा हैं. जब हमने देखा कि हमारी राय पर विचार नहीं किया जा रहा है, तो हमारे पास इसका बहिष्कार करने के अलावा कोई विकल्प नहीं बचा, इसलिए हम किसी भी दौरे में हिस्सा नहीं ले रहे हैं. मुझे लगता है कि 31 सदस्यों में से 12-14 (भाग नहीं ले रहे हैं)। इसलिए, जब एक तिहाई सदस्य ही नहीं हैं, तो इसका क्या फायदा? आपको दोनों तरह की राय सुननी होगी."
जेपीसी चीफ पर लगा गंभीर इल्जाम
उन्होंने आगे कहा कि वक्फ से कोई विशेषज्ञता या संबंध न रखने वाले लोगों को गवाही देने के लिए बुलाया जाता है. अपने कार्यकाल में पीएम मोदी हर काम मनमाने तरीके से कर रहे हैं. हर हफ्ते 4 दिन मीटिंग में निकल जाते हैं. हर महीने 5-6 दिन दौरे होते हैं, लेकिन ऐसे लोगों को (मीटिंग के लिए) बुलाया जाता है, जिनका वक्फ से कोई लेना-देना नहीं है. हमने इस बारे में करीब 1 महीने पहले चेयरमैन को पत्र भी लिखा था. ये लोग जेपीसी के जरिए वक्फ कानूनों को खत्म करना चाहते हैं."
लोकसभा स्पीकर नहीं ले रहे हैं कोई एक्शन?
कांग्रेस नेता ने आगे आरोप लगाया कि इस कानून का इस्तेमाल कर सरकार लाखों एकड़ जमीन पर कब्जा कर लेगी. जावेद ने कहा कि उन्होंने पहले भी स्पीकर के सामने यह मुद्दा उठाया था और उन्हें आश्वासन दिया गया था कि मीटिंग को घटाकर हफ्ते में एक बार कर दिया जाएगा.
हमारी नहीं सुनी जा रही है बात- कांग्रेस सांसद
कांग्रेस सांसद ने आगे कहा, "इस तरह से वे लाखों एकड़ मुस्लिम संपत्तियों पर विवाद पैदा करेंगे और उसे हासिल कर लेंगे. हमने स्पीकर से समय मांगा और उन्होंने विनम्रतापूर्वक समय दिया. उन्होंने हमारी बात सुनी और हमें आश्वासन दिया कि वे जल्द ही इस पर गौर करेंगे और हफ्ते में एक दिन मीटिंग करने की कोशिश करेंगे. हमने कहा कि इतनी जल्दबाजी की कोई जरूरत नहीं है क्योंकि यह करीब 20 करोड़ लोगों से जुड़ा बहुत गंभीर मामला है."
एक और सांसद ने लगाया जेपीसी चीफ पर गंभीर इल्जाम
इससे पहले शनिवार को डीएमके के लोकसभा सांसद ए राजा ने चल रही चर्चाओं पर चिंता जताते हुए समिति के अध्यक्ष पर पक्षपात और अनुचित आचरण का आरोप लगाया. एएनआई से बात करते हुए राजा ने कहा कि जेपीसी की कार्यवाही जिस तरह से चल रही है, उससे अल्पसंख्यकों के अधिकारों को "खतरा" हो रहा है. उन्होंने कहा कि विपक्षी सदस्यों ने समिति की बैठकों के संचालन के अध्यक्ष के तरीके पर कई आपत्तियां उठाई हैं.