जयपुर: लोकसभा चुनाव से पहले 'शक्ति एप' लॉन्च करने के लिए शुरू हुआ प्रशिक्षण शिविर

 शक्ति प्रोजेक्ट एप्प के तहत आगामी 15 दिनों में 1 लाख कार्यकर्ताओं को प्रशिक्षित किया जाएगा

जयपुर: लोकसभा चुनाव से पहले 'शक्ति एप' लॉन्च करने के लिए शुरू हुआ प्रशिक्षण शिविर
प्रत्येक बूथ के लिए 5 कार्यकर्ताओं को प्रशिक्षित किया जाएगा

जयपुर: लोकसभा चुनाव से पहले कांग्रेस बूथ मैनेजमेंट को मजबूत करने के लिए अपनी कोशिसों में जुट गई है. इसी कड़ी में राहुल गांधी के महत्वाकांक्षी प्रोजेक्ट शक्ति एप के लिए पीसीसी में दो दिवसीय प्रशिक्षण शिविर शुरू हुआ. शिविर के पहले दिन जयपुर ग्रामीण के पार्टी पदाधिकारी कार्यकर्ताओं को शक्ति एप से संबंधित विशेष ट्रेनिंग दी जाएगी.

वहीं दूसरे दिन जयपुर शहर के कार्यकर्ताओं को इससे जोड़ा जाएगा. शक्ति प्रोजेक्ट के राष्ट्रीय संयोजक शशांक और उनकी टीम कार्यकर्ताओं को प्रशिक्षण दे रही है. पीसीसी में चल रही इस कार्यशाला में प्रदेश कांग्रेस प्रभारी अविनाश पांडे मंत्री मास्टर भंवरलाल मेघवाल और अन्य नेता भी शामिल हुए. अविनाश पांडे ने बताया लोकसभा चुनाव से पहले कांग्रेस अपने संगठन को मजबूत करना चाहती है.

अविनाश पांडे ने कहा देश में जिस तरह से विचारधारा की लड़ाई चल रही है, उसका माकूल जवाब दिया जा सके इसके लिए कार्यकर्ताओं को ट्रेंड किया जा रहा है. शक्ति प्रोजेक्ट एप्प के तहत आगामी 15 दिनों में 1 लाख कार्यकर्ताओं को प्रशिक्षित किया जाएगा, प्रोजेक्ट के संयोजक शशांक ने बताया कांग्रेस बूथ सिस्टम को मजबूत करने के लिए घर-घर कॉन्ग्रेस एप लॉन्च करने जा रही है, जिसके तहत प्रत्येक बूथ पर 5 कार्यकर्ताओं को ट्रेंड किया जाएगा जो उस क्षेत्र में घर-घर जाकर लोगों को कांग्रेस से जोड़ने का काम करेंगे.

बता दें कि हाल ही में राजस्थान की 25 लोकसभा सीटों को हासिल करने के लिए कांग्रेस ने 'मिशन लोकसभा 25' शुरू किया है. इस मिशन को फतह करने का फार्मूला तलाश करने के लिए कांग्रेस सरकार और संगठन की बैठक पीसीसी में हुई थी. प्रदेश कांग्रेस कार्यालय में मुख्यमंत्री अशोक गहलोत से लेकर अग्रिम संगठनों के पदाधिकारी जमा हुए थे.

पीसीसी में करीब 1 घंटे तक चली इस बैठक में विभिन्न मुद्दों पर चर्चा की गई थी. जिसमें कांग्रेस के संगठन को मजबूत बनाने बूथ स्तर पर सक्रियता बढ़ाने प्रोजेक्ट शक्ति के तहत नए सदस्यों को जोड़ दें जिला और ब्लॉक स्तर पर कार्यकारिणी ने बदलाव करने संगठन में अधिक पदों को भरने पर जोर दिया गया था. बैठक में संगठन को मजबूत करने के लिए जिला स्तर पर समन्वय समितियां बनाने का निर्णय लिया गया था. जिसमें ब्लॉक अध्यक्ष से लेकर जिला अध्यक्ष विधायक और मंत्री शामिल हो.

बैठक में यह भी कहा गया था कि जिला स्तर पर सरकार और संगठन से जुड़े निर्णय को लेकर यह समिति रिपोर्ट तैयार करें और इसी रिपोर्ट कार्ड के आधार पर तबादलों और अन्य मामले में फैसला लिया जाए. करीब 1 घंटे चले इस महामंथन में कांग्रेस की तरफ से चार नेताओं ने संबोधन दिया ता. सबसे अधिक 20 मिनट मुख्यमंत्री अशोक गहलोत ने अपनी बात रखी. इसके अलावा प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष सचिन पायलट प्रदेश प्रभारी अविनाश पांडे और मंत्री मास्टर भंवरलाल मेघवाल ने संबोधित किया था.