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Jaipur News: सीकर रोड क्षेत्र के लिए आज उप मुख्यमंत्री दीया कुमारी ने बड़ी सौगात दी है. सीकर रोड पर बारिश के दौरान होने वाली जलभराव की समस्या के लिए ड्रेनेज सिस्टम का शिलान्यास किया गया. तकरीबन 70 करोड़ रुपए की लागत से बनने वाले ड्रेनेज सिस्टम के पहले फेज का आज उपमुख्यमंत्री दीया कुमारी ने शिलान्यास कर करीब 250 कॉलोनियों के लाखों लोगों को बड़ी सौगात दी.
सीकर रोड पर बारिश के दौरान तकरीबन 3 किलोमीटर एरिया में पानी भराव की समस्या से 250 से अधिक कॉलोनी निवासी जबरदस्त त्रस्त हैं. इन कॉलोनियों में रहने वाले लाखों लोग मानसून के दौरान इस समस्या से लंबे समय से जूझ रहे थे. जिसको लेकर आज उपमुख्यमंत्री दीया कुमारी ने करीब साढ़े 36 करोड़ की लागत से बनने वाल ड्रेनेज सिस्टम का शिलान्यास किया.
हालांकि ड्रेनेज सिस्टम को तीन चरणों में बनाया जाएगा. जिससे मानसून के दौरान सीकर रोड पर होने वाले जल भराव की स्थिति से क्षेत्र वासियों को निजात दी जा सके. साथ ही सीकर रोड पर भरने वाले पानी को ड्रेनेज के माध्यम से द्रव्यवती नदी में पहुंचाया जा सके.
बारिश के दौरान होने वाली जल भराव की समस्या से मिलेगी निजात,
सीकर रोड पर ड्रेनेज सिस्टम का हुआ शुभारंभ,
उपमुख्यमंत्री दीया कुमारी ने किया ड्रेनेज प्रोजेक्ट का शुभारंभ,
करीब 70 करोड़ की लागत से सीकर रोड पर बनेगा ड्रेनज,
पहले फेज में 36.62 करोड़ की लागत से बनेगा ड्रेनेज,
मुरलीपुरा से द्रव्यति नदी तक बनाया जाएगा ड्रेनेज,
36 करोड़ की लागत से बनने वाले ड्रेनेज प्रोजेक्ट को लेकर उपमुख्यमंत्री दीया कुमारी ने कहा कि मानसून का समय आने वाला है लेकिन क्षेत्र की जनता को इस समस्या से निजात दिलाने के लिए हमने यह पहल की है और इसका कार्य जल्द शुरू करवा कर दिया जाएगा. क्षेत्र की जनता को जल भराव की समस्या से निजात दिलाने का प्रयास किया जा रहा है. उप मुख्यमंत्री दीया कुमारी ने कहा कि सरकार आमजन को राहत देने के लिए तत्परता से कार्य कर रही है और उसी के चलते सीकर रोड पर पानी भराव वाली स्थिति को ध्यान में रखते हुए ड्रेनेज सिस्टम कार्य करवाया गया जो की जल्द पूरा होगा और क्षेत्र की जनता को जल भराव से निजात मिलेगी.
उप मुख्यमंत्री दीया कुमारी ने कहा कि जैसे ही टेंडर लगा वर्क ऑर्डर हुआ और हमने तुरंत शिलान्यास कर काम शुरू करवा दिया. बारिश की वजह से काम नहीं रोक सकते क्योंकि मानसून का पता नहीं कब तक आएगा. ऐसे में जल्द से जल्द कार्य हो. अगर बारिश का समय भी रहता है तो धीमी गति से कार्य हो जाएगा. बारिश के बाद फिर से तेज गति से कार्य बढ़ाया जाएगा, लेकिन जब तक बारिश नहीं आती है जितना काम हो यह सोचकर ही हमने ड्रेनेज का कार्य शुरू करवा दिया. जिससे कि क्षेत्र की जनता को इस जल भराव की समस्या से जल्द निजात मिले.