Tennis: नोवाक जोकोविच ने जीता ‘ATP का पॉलिटिकल गेम’, फेडरर-नडाल को दी मात
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Tennis: नोवाक जोकोविच ने जीता ‘ATP का पॉलिटिकल गेम’, फेडरर-नडाल को दी मात

20 बार के ग्रैंडस्लैम चैंपियन रोजर फेडरर का दावा, नोवाक जोकोविच ने उन्हें मिलने का वक्त नहीं दिया. 

नोवाक जोकोविच और रोजर फेडरर. (फाइल फोटो)

नई दिल्ली: एटीपी (ATP) राजनीति में रोजर फेडरर-राफेल नडाल और नोवाक जोकोविच के बीच मतभेद खुलकर आमने-सामने आ गए हैं. इस मतभेद को हाल ही में रोजर फेडरर के दिए बयान से समझा जा सकता है. स्विस स्टार का दावा है कि वे एटीपी टूर प्रेसिडेंट (ATP Tour President) के एक मसले पर बात करने के लिए नोवाक जोकोविच से मिलना चाहते थे. उन्होंने इसके लिए जोकोविच से वक्त भी मांगा. लेकिन जोकोविच उनसे नहीं मिले. ऐसा क्यों हुआ, यह समझ से परे है. लेकिन अब वक्त बीत चुका है. एटीपी (एसोसिएशन ऑफ टेनिस प्रोफेशनल्स) पुरुष टेनिस खिलाड़ियों का एसोसिएशन है. 

टेनिस के दिग्गजों के बीच यह सारा विवाद एटीपी टूर प्रेसिडेंट क्रिस केरमोड को लेकर हुआ. क्रिस को हाल ही में एटीपी की बैठक में पद से हटाने का फैसला लिया गया है. इस फैसले पर ही टेनिस के दिग्गज आमने-सामने आ गए. नोवाक जोकोविच ( Novak Djokovic) जो अभी टेनिस प्लेयर्स काउंसिल के अध्यक्ष हैं, उन्होंने क्रिस को पद से हटाए जाने का समर्थन किया. जबकि, पूर्व नंबर-1 रोजर फेडरर (Roger Federer) और राफेल नडाल (Rafael Nadal) मौजूदा टूर प्रेसिडेंट क्रिस को पद पर बनाए रखने के पक्ष में थे. हालांकि, बैठक में उनका पक्ष कमजोर साबित हुआ. क्रिस को 2019 के आखिर तक पद छोड़ना पड़ेगा. 

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साल की शुरुआत से ही क्रिस का विरोध कर रहे थे जोकोविच 
नोवाक जोकोविच इस साल की शुरुआत से ही इस तरह के संकेत दे रहे थे कि वे क्रिस केरमोड की भूमिका से खुश नहीं हैं. क्रिस 2019 से एटीपी के एग्जीक्यूटिव चेयरमैन और प्रेसीडेंट हैं. हाल ही में उन्हें पद से हटाए जाने को लेकर वोटिंग हुई. इस वोटिंग में खिलाड़ियों और टूर्नामेंट के प्रतिनिधियों ने हिस्सा लिया. जोकोविच प्लेयर्स एसोसिएशन के अध्यक्ष हैं. वे क्रिस का विरोध कर रहे थे. माना जा रहा है कि क्रिस को हटाए जाने के फैसले में जोकोविच की भूमिका निर्णायक रही. 

जोकोविच ने बैठक के अगले दिन मुलाकात का वक्त दिया 
क्रिस को हटाए जाने का फैसला होने के बाद रोजर फेडरर अपने साथी खिलाड़ी जोकोविच के विरोध में खुलकर उतर आए. मीडिया रिपोर्ट के मुताबिक उन्होंने कहा, ‘जिस दिन क्रिस को लेकर वोटिंग होनी थी. उससे एक दिन पहले मैंने जोकोविच से मिलने का वक्त मांगा, ताकि हम इस मसले पर बात कर सकें. लेकिन जोकोविच नहीं मिले. उन्होंने बैठक के एक दिन बाद मुलाकात करने की बात कही. इस बीच बैठक भी हो गई और फैसला भी हो गया. इसके बाद मुलाकात का कोई मतलब नहीं था.’ 

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विवाद सुलझाने के लिए नडाल से भी मिले फेडरर 
रोजर फेडरर ने इससे पहले कोर्ट पर अपने सबसे बड़े प्रतिद्वंद्वी स्पेन के राफेल नडाल से भी मुलाकात की थी. ‘टेनिसवर्ल्डयूएसए’ के मुताबबिक फेडरर की तरह नडाल भी क्रिस केरमोड के पक्ष में थे. फेडरर ने इस बारे में फॉक्स स्पोर्ट्स से कहा, ‘मैं क्रिस के पद में बने रहने के पक्ष में था. इसीलिए यह जानना चाहता था कि क्रिस को हटाए जाने का क्या कारण है. आखिर भविष्य का एजेंडा क्या है. हालांकि, अब इस पर फैसला हो चुका है. इसलिए मुलाकात की जरूरत नहीं है.’ नोवाक जोकोविच ने इस बारे में सार्वजनिक तौर पर कोई बयान नहीं दिया है. 

क्रिस के कार्यकाल में बढ़ी प्राइजमनी, नए टूर्नामेंट भी शुरू हुए  
क्रिस केरमोड 2014 में एटीपी के एग्जीक्यूटिव चेयरमैन और प्रेसीडेंट बने थे. तब से पुरुष टेनिस में कई बदलाव आए हैं. टूर्नामेंट की प्राइजमनी बढ़ी है. इसके अलावा नेक्स्ट जेन एटीपी (Next Gen ATP) जैसे कुछ नए टूर्नामेंट भी शुरू किए हैं. प्लेयर्स रिप्रजेंटेटिव बोर्ड एंड टूर्नामेंट रिप्रजेंटेटिव बोर्ड की मीटिंग में बहुमत से दूर रहने के बाद क्रिस ने कहा, ‘एटीपी प्रेसिडेंट के तौर पर काम करना गर्व की बात है. हमने इस दौरान कुछ अच्छी उपलब्धियां हासिल कीं.’ अभी यह घोषित नहीं किया गया है कि अगला एटीपी प्रेसिडेंट कौन होगा.

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