Bone Health: ऑस्टियोपोरोसिस एक ऐसी बीमारी है जो बुजुर्गों को काफी ज्यादा परेशान करती है, इसलिए डॉक्टर की सलाह पर सही एक्सरसाइज करने की नसीहत दी जाती है.
Yoga For Osteoporosis: जैसे-जैसे हमारी उम्र बढ़ती है, शरीर की ताकत कम होने लगती है. खासतौर पर हड्डियां कमजोर हो जाती हैं और उनके टूटने का रिस्क बढ़ जाता है. डॉक्टर इसे ऑस्टियोपोरोसिस कहते हैं. ये एक ऐसी बीमारी है, जिसमें बोन डेंसिटी धीरे-धीरे घटने लगती है. इसके चलते हड्डियां मामूली चोट या झटके से भी टूट सकती हैं. योग की मदद से इस मेडिकल कंडीशन से न सिर्फ राहत पाई जा सकती है, बल्कि इसे वक्त रहते रोका भी जा सकता है. आयुष मंत्रालय भी लोगों को योग अभ्यास की सलाह देता है ताकि लाइफस्टाइल से जुड़ी बीमारियों को दूर रखा जा सके.
Wallet in Back Pocket: पैंट की पिछली जेब में पर्स रखना भले ही कितना भी नॉर्मल क्यों न लगे, लेकिन ये आदत शरीर के कई हिस्सों को नुकसान पहुंचा सकती है, जिसमें रीढ़ की हड्डी और नसें शामिल हैं.
National Bone and Joint Day 2025: हर साल 4 अगस्त को नेशनल बोन एंड ज्वॉइंट डे मनाया जाता है, जिसका मकसद हड्डियों और जोड़ों की सेहत को लेकर जागरूकता पैदा करना करना है.
आपके कूल्हे फिर से काम करने लग जाएं, इसके लिए हिप रिप्लेसमेंट सर्जरी करवाई जाती है, लेकिन अगर आप इस प्रोसीजर से गुजरे हैं तो इसके कुठ महीनों तक आपको 3 फिजिकल एक्टिविटीज से बचना चाहिए.
घुटनों की सेहत बनाए रखने के लिए जरूरी है कि हम अपनी डेली लाइफस्टाइल पर ध्यान दें. गलत आदतों को सुधारें, न्यूट्रीशनल चीजें लें और रेगुलर एक्सरसाइज करें.
ऑफिस में 8 से 10 घंटे लगातार कुर्सी पर बैठने वाले लोगों का अक्चर बॉडी पोश्चर बिगड़ जाता है, जिसके कारण उन्हें बैक पेन से गुजरना पड़ता है. इससे बचने के लिए एक खास योगासन जरूर करें.
इस बात से शायद काफी कम लोग वाकिफ होंगे कि ऑस्टियोआर्थराइटिस और रुमेटीइड आर्थराइटिस जैसी इंफ्लेमेंट्री कंडीशंस बरसात के मौसम में बढ़ जाती हैं, इसलिए कुछ बातों का ख्याल रखना बेहद जरूरी है.
स्पाइनल कॉर्ड इंजरी होने पर इंसान लाचार हो जाता है, और उसकी जिंदगी किसी की मोहताज हो जाती है, लेकिन अब मेडिकल साइंस ने नई उम्मीद जगा दी है.
Bone Cancer Early Warning Signs: कैंसर जब हड्डियों को अफेक्ट करता है, तो इसे बोन कैंसर कहा जाता है. ये एक सीरियस लेकिन रेडर डिजी है, जो शरीर की किसी भी हड्डी में हो सकती है, खासकर लंबी हड्डियों जैसे हाथ, पैर, या रीढ़ की हड्डी में. बोन कैंसर अगर शुरुआती स्टेज में पकड़ में आ जाए, तो इसका इलाज सर्जरी, कीमोथेरेपी और रेडिएशन के जरिये मुमकिन है. लेकिन परेशानी ये है कि इसकी अर्ली वॉर्निंग साइन को अक्सर मामूली दर्द या थकान समझ लिए जाते हैं. आइए समझने की कोशिश करते हैं कि बोन कैंसर के 5 शुरुआती लक्षण कौन-कौन से हैं, जिन्हें नजरअंदाज करना खतरनाक हो सकता है.
हड्डियों की सबसे खतरनाक बीमारियों में से एक है ऑस्टियोजेनेसिस इम्परफेक्टा जो इंसान की क्वालिटी ऑफ लाइफ काफी ज्यादा अफेक्ट कर सकती है.
हड्डियों की एक खतरनाक बीमारी है, जिसे ऑस्टियोपोरोसिस कहते हैं. ये शरीर को पूरी तरह कमजोर कर सकती है, जिससे आपकी डेली लाइफ अफेक्ट हो जाती है.
Strong Spine: रीढ़ की हड्डियों के बिना हमारे शरीर का मूवमेंट मुश्किल हो जाता है, लेकिन अगर आप चाहते हैं कि बॉडी का ये हिस्सा उम्र बढ़ने पर भी मजबूत रहे तो कुछ चीजों को डाइट में शामिल कर लें.
जब आपकी हड्डियां मजबूत नहीं रहेंगी, तो शरीर भी बेहद कमजोर हो जाएगा, इसके लिए जरूरी है कि आप हर वो कोशिश करें जिससे स्ट्रॉन्ग बोन हासिल हो जाए.
शरीर की मजबूती के लिए हमें कई तरह के न्यूट्रिएंट्स की जरूरत पड़ती है, विटामिंस उन्ही में से एक है. आइए जानते हैं कि हमें अपने शरीर में किस खास न्यूट्रिएंट्स की कमी नहीं करनी चाहिए.
अगर हमें अपनी हड्डियों से प्यार है, तो आज से ही कोल्ड ड्रिंक पीना बंद कर देना चाहिए क्योंकि इससे न सिर्फ डायबिटीज, मोटापा और हार्ट डिजीज, बल्कि हड्डियों की सेहत पर भी असर पड़ता है.
अगर आपकी हड्डियां कमजोर महसूस कर रही हैं, तो ऐसे में आपको कुछ खास फूड आइटम्स को खाना बंद करना होगा, वरना नुकसान उठाने के लिए तैयार रहें.
Best Nutrients For Bones: सर्दियों के मौसम में सूरज की रोशनी कम मिलने के कारण शरीर में विटामिन डी की कमी हो सकती है. ये डेफिशिएंसी ो को कमजोर बना सकती है, जिससे जोड़ों में दर्द और ऑस्टियोपोरोसिस जैसी परेशानियां हो सकती हैं. हड्डियों को मजबूत बनाए रखने के लिए सही न्यूट्रिएंट्स का सेवन करना जरूरी है. यहां हम आपको ऐसे 5 अहम न्यूट्रिएंट्स के बारे में बताएंगे, जिन्हें सर्दियों में अपनी डाइट में शामिल करना चाहिए.
Strong Bones: हम में से ज्यादातर लोग हड्डियों की मजबूती को लेकर फिक्रमंद रहते हैं, ऐसे में हमें ये बात अच्छी तरह जाननी चाहिए कि स्टॉन्ग बोन पाने के लिए कौन-कौन से पोषक तत्व वाले फूड्स खाने चाहिए.
Moringa for Health: मौजूदा लाइफस्टाइल और फूड हैबिट्स की वजह से दिल की सेहत पर गहरा असर पड़ता है, ऐसे में एक हरी सब्जी से इस खतरे को दूर किया जा सकता है.
Calcium Based Foods For Strong Bones: बॉडी को स्ट्रॉन्ग रखने के लिए हमें हड्डियों को मजबूत रखना बेहद जरूरी है, इसके लिए विटामिन डी, प्रोटीन और आयरन की जरूरत पड़ती है, लेकिन अगर आपके शरीर में कैल्शियम की कमी हो जाए तो सारा खेल बिगड़ जाएगा. मिल्क प्रोडक्ट्स को इस न्यूट्रिएंट का रिच सोर्स माना जाता है, लेकिन हर किसी को दूध पीना इतना पसंद नहीं है. इससे विकल्प के तौर पर आप कुछ खास फूड्स का इनटेक कर सकते हैं. आइए न्यूट्रीशनिस्ट निखिल वत्स से जानते हैं कि कैल्शियम रिच फूड्स कौन-कौन से हैं.
Strong Bone Tips: हड्डियों की मजबूती के बिना शरीर की मजबूती मुश्किल है, जो लोग 40 साल की उम्र क्रॉस कर जाते हैं उनके लिए बोन्स को स्ट्रॉन्ग बनाए रखना बेहद जरूरी हो जाता है.