Malegaon Blast Accused Acquitted: साल 2006 मालेगांव ब्लास्ट के दो दशक बाद भी पीड़ित परिवारों को इंसाफ नहीं मिला पाया है. बॉम्बे हाई कोर्ट ने NIA की जांच पर सवाल उठाते हुए चारों आरोपियों को बरी कर दिया है. इसके बाद सोशल मीडिया पर इस घटना को लेकर एक नई बहस छिड़ गई है कि आखिर देश की तीन प्रतिष्ठित जांच एजेंसियां कैसे यह गुत्थी सुलझा नहीं पाईं.
Bombay High Court on Malegaon Blast Case: करीब 20 साल पुराने मालेगांव धमाका मामले में बॉम्बे हाई कोर्ट ने चारों आरोपियों को बरी कर दिया. अदालत ने कहा कि मुकदमा चलाने लायक पर्याप्त सबूत नहीं हैं. कोर्ट के इस फैसले के बाद प्रभावित परिवार निराश हैं, उनका कहना है कि अगर ये दोषी नहीं थे तो फिर कौन था? पीड़ित परिवारों के मुताबिक, उन्होंने अब इंसाफ की आस छोड़ दी है.
Colonel Purohit Promotion: भारत सरकार ने मालेगांव बम धमाके के आरोपी रह चुके लेफ्टिनेंट कर्नल श्रीकांत पुरोहित प्रोमोशन देने की मंजुरी दे दी है. सर्विस टाइम पर मालेगांव बम ब्लास्ट मामले में जेल जाने की वजह से उनकी सर्विस पर बुरा असर पड़ा था. अब लेफ्टिनेंट कर्नल श्रीकांत पुरोहित को ब्रिगेडियर पद के लिए प्रोमोशन देने की मंजुरी दी गई है. पूरी खबर जानने के लिए नीचे स्क्रॉल करें.
Malegaon Blast News: मालेगांव ब्लास्ट केस में आरोपी रहे मिलिट्री के अधिकारी श्रीकांत पुरोहित को प्रमोट किया गया है, उन्हें अब कर्नल की उपाधी दी गई है. पूरी खबर पढ़ने के लिए स्क्रॉल करें.
Malegaon Blast Case: 31 जुलाई को स्पेशल NIA कोर्ट ने मालेगांव ब्लास्ट मामले के सभी सात आरोपियों को बरी कर दिया था. इनमें पूर्व बीजेपी सांसद साध्वी प्रज्ञा सिंह ठाकुर और लेफ्टिनेंट कर्नल प्रसाद पुरोहित भी शामिल थे. अब हाईकोर्ट ने सभी आरोपियों को नोटिस जारी किया है.
Malegaon Blast Case में एनआईए कोर्ट ने सात लोगों को बरी कर दिया था, अब इस मामले में पीड़ित परिवारों ने हाई कोर्ट का रुख किया है और कोर्ट पर मामले को सही तरह से ट्रीट न करने का इल्जाम लगाया है.
Sadhvi Pragya Singh: 2008 के मालेगांव ब्लास्ट मामले में एनआईए कोर्ट द्वारा सभी आरोपियों को बरी करने पर, भाजपा नेता साध्वी प्रज्ञा सिंह ठाकुर ने कहा कि भगवा आतंकवाद कहने वालों के मुंह काले हुए हैं. समाज और देश ने उन्हें ठोस जवाब दिया है. अदालत का फैसला बिल्कुल स्पष्ट है, ये उन लोगों के मुंह पर तमाचा है जिन्होंने 'भगवा आतंकवाद' और 'हिंदू आतंकवाद' कहा है. आप भी देखिए ये वीडियो.
Pragya Thakur: मालेगांव ब्लास्ट केस में लगातार चौंकाने वाले खुलासे हो रहे हैं. बीजेपी की पूर्व सांसद पूर्व सांसद प्रज्ञा ठाकुर ने बड़ा दावा करते हुए कहा है कि उनके ऊपर पीएम नरेंद्र मोदी का नाम लेने के लिए दबाव बनाया गया था.
Malegaon Blast Case: अभियोजन पक्ष ने लेफ्टिनेंट कर्नल पुरोहित पर आरोप लगाया था कि उन्होंने अपने घर के लकड़ी के कपबोर्ड में आरडीएक्स छिपाया और बम को वहीं असेंबल किया. लेकिन, जांच एजेंसियों की रिपोर्ट और फॉरेंसिक जांच इस आरोप को पूरी तरह खारिज करती हैं.
Malegaon Blast: मालेगांव ब्लास्ट के आरोपियों को NIA कोर्ट ने बरी कर दिया. जिसके बाद सियासी पारा हाई हो गया है. इसी बीच मालेगांव ब्लास्ट केस के गवाह मिलिंद जोशी ने बड़ा दावा किया है. उन्होंने कहा कि इस ब्लास्ट में योगी आदित्यनाथ को फंसाने के लिए कहा गया था.
मालेगांव ब्लास्ट केस पर पूर्व ATS अधिकारी महबूब मुजावर ने आज विस्फोटक खुलासे किए. उन्होंने बताया कि इस केस में RSS प्रमुख मोहन भागवत को गिरफ्तार करने का आदेश उनके वरिष्ठ अधिकारियों ने दिया था. मालेगांव ब्लास्ट केस के प्रमुख जांच अधिकारी परमबीर सिंह ने उन्हें मोहन भागवत को पकड़कर लाने का आदेश दिया था. महबूब मुजावर ने दावा किया कि “भगवा आतंकवाद” की थ्योरी पूरी तरह से झूठी थी.
मालेगांव ब्लास्ट केस पर पूर्व ATS अधिकारी महबूब मुजावर ने आज विस्फोटक खुलासे किए. उन्होंने बताया कि इस केस में RSS प्रमुख मोहन भागवत को गिरफ्तार करने का आदेश उनके वरिष्ठ अधिकारियों ने दिया था. मालेगांव ब्लास्ट केस के प्रमुख जांच अधिकारी परमबीर सिंह ने उन्हें मोहन भागवत को पकड़कर लाने का आदेश दिया था. महबूब मुजावर ने दावा किया कि “भगवा आतंकवाद” की थ्योरी पूरी तरह से झूठी थी.
मालेगांव में 29 सितंबर 2008 को हुए ब्लास्ट के केस में कोर्ट ने सभी 7 आरोपियों को बरी कर दिया. आरोपियों को बरी करते हुए कोर्ट ने कहा, 'जांच एजेंसी आरोप साबित नहीं कर पाई, ऐसे में आरोपियों को संदेह का लाभ मिलना चाहिए. धमाका हुआ लेकिन ये साबित नहीं हुआ कि बम बाइक में था, मोटरसाइकिल साध्वी प्रज्ञा के नाम पर थी और कर्नल ने बम बनाया.
Prithviraj Chavan on Malegaon Blast Case: कांग्रेस के सीनियर नेता पृथ्वीराज चव्हाण ने न्यूज एजेंसी आईएएनएस से बातचीत में कहा कि अगर आपको लगता था कि यह लोग निर्दोष हैं तो अपने 2014 में उनका मुकदमा खारिज क्यों नहीं किया?
मुंबई की एक स्पेशल कोर्ट आज मालेगांव 2008 बम धमाके के मामले में फैसला सुनाया. इस केस में सभी 7 आरोपियों को बरी कर दिया गया है. इनमें पूर्व भाजपा सांसद साध्वी प्रज्ञा सिंह ठाकुर, लेफ्टिनेंट कर्नल प्रसाद पुरोहित, रिटायर्ड मेजर रमेश उपाध्याय, सुधाकर चतुर्वेदी, अजय राहिरकर, सुधाकर धर द्विवेदी और समीर कुलकर्णी शामिल थे.
महाराष्ट्र के मालेगांव ब्लास्ट केस में NIA स्पेशल कोर्ट ने साध्वी प्रज्ञा समेत सातों आरोपियों को बरी कर दिया है। इस केस में 7 मुख्य आरोपी थे। इनमें पूर्व भाजपा सांसद साध्वी प्रज्ञा ठाकुर, कर्नल प्रसाद पुरोहित, रमेश उपाध्याय, अजय राहिरकर, सुधाकर चतुर्वेदी, समीर कुलकर्णी और सुधाकर धर द्विवेदी शामिल थे। पीड़ितों के वकील शाहिद नवीन अंसारी ने कहा- हम एनआईए कोर्ट के फैसले के खिलाफ हाईकोर्ट में अपील करेंगे। इस मामले में जांच एजेंसियां और सरकार फेल हुई है।
Malegaon Blast Case: 17 साल के लंबे इंतज़ार के बाद, 2008 के मालेगांव बम धमाका मामले में NIA की विशेष अदालत ने एक ऐतिहासिक फैसला सुनाया है. कोर्ट ने सांसद साध्वी प्रज्ञा सिंह ठाकुर, लेफ्टिनेंट कर्नल श्रीकांत पुरोहित सहित सभी सात आरोपियों को सबूतों के अभाव में बरी कर दिया है. इस फैसले ने 17 साल पुराने 'भगवा आतंक' या 'हिन्दू आतंक' के आरोपों पर भी विराम लगा दिया है. अदालत ने माना कि अभियोजन पक्ष आरोपियों के खिलाफ UAPA, आर्म्स एक्ट और अन्य धाराओं के तहत लगाए गए आरोपों को साबित करने में पूरी तरह विफल रहा. आपको इस वीडियो में बताते हैं कि कोर्ट ने किन मुख्य कारणों से आरोपियों को बरी किया.
Akhilesh Yadav on Malegaon Blast Case: मालेगांव विस्फोट मामले में NIA स्पेशल कोर्ट ने बीजेपी की पूर्व सांसद प्रज्ञा सिंह ठाकुर समेत सभी आरोपियों को बरी कर दिया है. कोर्ट के इस फैसले के बाद अखिलेश यादव ने बड़ी टिप्पणी की है.
Owaisi on Malegaon Blast Case में कोर्ट के फैसले पर असदुद्दीन ओवैसी नाराज नजर आ रहे हैं. उन्होंने एक बयान जारी करते हुए कहा है कि क्या अब सरकार अपर कोर्ट का रुख करने वाली है, इसके साथ ही उन्होंने कई अहम बातें बोली हैं.
Sadhvi Pragya: प्रज्ञा ठाकुर ने कहा कि हिंदुत्व की जीत हुई है और जो दोषी हैं उन्हें भगवान सजा देंगे. उन्होंने कहा कि 13 दिन तक लगातार मैं प्रताड़ित होती रही. 17 साल अपमानित होती रही. मेरी जिंदगी बर्बाद की लेकिन अब फैसला आ गया है.
Malegaon Blast Case: महाराष्ट्र के मालेगांव में हुए ब्लास्ट के मामले में आज 17 साल बाद एनआईए की स्पेशल कोर्ट का फैसला आएगा. इस मामले में भोपाल की पूर्व सांसद प्रज्ञा सिंह ठाकुर भी आरोपी हैं.
Malegaon Blast Case: मालेगांव विस्फोट मामला 29 सितंबर 2008 का है, जब महाराष्ट्र के मालेगांव में अंजुमन चौक और भीकू चौक के बीच रात 9:35 बजे जोरदार बम धमाका हुआ. पूरी खबर पढ़ने के लिए नीचे स्क्रॉल करें.