इनकम टैक्स वालों को मिल सकती है बड़ी राहत, छूट की सीमा 2.5 लाख से बढ़कर 5 लाख संभव

इस बजट में जो घोषणाएं की जाएंगी उसका व्यापक असर लोकसभा चुनाव पर देखने को मिलेगा.

इनकम टैक्स वालों को मिल सकती है बड़ी राहत, छूट की सीमा 2.5 लाख से बढ़कर 5 लाख संभव
किसानों के लिए राहत पैकेज का ऐलान किया जा सकता है. (फाइल)

नई दिल्ली: पीयूष गोयल आज अंतरिम बजट पेश करेंगे. लोकसभा चुनाव भी नजदीक है. ऐसे में उम्मीद है कि वे लोक लुभावन घोषणाएं कर सकते हैं. इस बजट में जो घोषणाएं की जाएंगी उसका असर लोकसभा चुनाव पर जरूर दिखेगा. ऐसे में उम्मीद है कि सरकार की तरफ से ये बड़ी घोषणाएं की जा सकती हैं.

1. उम्मीद की जा रही है कि इस बजट में न्यूनतम आय गारंटी योजना का ऐलान किया जा सकता है. पिछले दिनों राहुल गांधी ने कहा था कि अगर वे सत्ता में आते हैं तो इस योजना को चलाएंगे. ऐसे में उम्मीद है कि इसकी घोषणा की जाएगी. फाइनेंशियल एक्सपर्ट का भी कहना है कि कर्ज माफी से बेहतर है कि किसानों को आर्थिक मदद दी जाए. ऐसे में अगर इसकी घोषणा की जाती है तो चुनाव में इसका व्यापक असर देखने को मिलेगा. 

2. उम्मीद है कि किसानों के लिए मोदी सरकार राहत पैकेज की घोषणा कर सकती है. इसके तहत हर किसान के खाते में पैसे आएंगे. नीति आयोग ने भी ऐसी सिफारिश की है जिसमें किसानों के खाते में हर साल 15 हजार रुपये डालने की बात कही गई है. किसानों को जमीन के हिसाब से सहायता राशि मिलेगी. इस योजना को लागू करने के लिए किसान क्रेडिट कार्ड का इस्तेमाल किया जाएगा. वर्तमान में देश के करीब 3 करोड़ किसानों के पास किसान क्रेडिट कार्ड है.

3. उम्मीद की जा रही है कि सैलरी क्लास को राहत देने के लिए इनकम टैक्स में छूट की सीमा बढ़ाई जा सकती है. टैक्स फील्ड के एक्सपर्ट्स का मानना है कि वर्तमान इनकम टैक्स छूट की सीमा (2.5 लाख) को बढ़ा कर 5 लाख किया जा सकता है.

4. बजट से मध्यम वर्ग और कॉर्पोरेट को कर छूट की उम्मीद है, जबकि संकटग्रस्त किसानों और लघु उद्यम क्षेत्र को राहत पैकेज की उम्मीद है. माना जा रहा है कि गोयल विभिन्न श्रेणियों को छूट और राहत प्रदान कर इस बार लेखानुदान की परंपरा तोड़कर पूर्ण बजट पेश करेंगे. 

5. एक्सपर्ट्स का कहना है कि बजट में स्वास्थ्य क्षेत्र के लिए बड़ी घोषणाएं की जा सकती हैं. स्वास्थ्य बीमा उद्योग को उम्मीद है कि उपभोक्ताओं को 5 वर्षों तक लेवल प्रीमियम (एक समान प्रीमियम) चुकाने की सुविधा दी जाए और इसके लिए जीवन बीमा की तरह मासिक, त्रैमासिक, अर्ध वार्षिक और सीमित अवधि तक भुगतान करने जैसे विभिन्न भुगतान विकल्प भी दिये जाएं.