CAA पर विरोध की आड़ में ममता दीदी चमका रही हैं अपनी राजनीति?

पूरे देश में विपक्षी पार्टियों ने नागरिकता संशोधन कानून की आड़ में जबरदस्त बवाल मचा हुआ है. इसी कड़ी में पश्चिम बंगाल की मुख्यमंत्री ममता बनर्जी ने इस कानून की खिलाफत करते वक्त केंद्र की मोदी सरकार को खूब खरी-खोटी सुनाई है.

CAA पर विरोध की आड़ में ममता दीदी चमका रही हैं अपनी राजनीति?

नई दिल्ली: नागरिकता संशोधन कानून के खिलाफ भड़क रही आग का नमूना पश्चिम बंगाल में भी देखी जा सकती है. यहां भी सड़कों पर प्रदर्शन और हंगामा का नजारा देखा जा सकता है. सड़कों पर लाखों की संख्या में मौजूद लोगों के साथ खुद प्रदेश की मुख्यमंत्री ममता बनर्जी काफिले का नेतृत्व कर रही हैं.

CAA की आड़ में ममता चमका रही राजनीति?

पश्चिम बंगाल की सीएम ममता बनर्जी ने कोलकाता में नागरिकता कानून की विरोध रैली में कहा कि 'आजादी के 73 साल बाद अचानक हमें यह साबित करना होगा कि हम भारतीय नागरिक हैं. उस समय बीजेपी के सिर और पूंछ कहां थे जब बीजेपी देश को विभाजित कर रही है. अपने विरोध को न रोकें क्योंकि हम  नागरिकता संशोधन अधिनियम लागू होने नहीं दे सकते.'

साथ ही ममता दीदी ने ये भी कहा कि 'संयुक्त राष्ट्र या राष्ट्रीय मानवाधिकार आयोग जैसे निष्पक्ष संगठन जनमत संग्रह कर देखें कि कितने लोग इसके पक्ष में हैं और कितने लोग इसके खिलाफ हैं.'

पश्चिम बंगाल के साख-साथ पूरे देश में नागरिकता संशोधन कानून को लेकर हो बवाल कटा हुआ है. वामदलों ने आज देशव्यापी प्रदर्शन का आयोजन किया, जिसका असर पूरे देश में देखने को मिला. इस प्रदर्शन से देश की राजधानी दिल्ली में लोगों को खासा परेशानियों का सामना करना पड़ा.

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जानकारी के अनुसार खुफिया एजेंसियों के सूत्रों के हवाले से जानकारी मिली है कि देश में दंगा फैलाने के मकसद पाकिस्तान की खुफिया एजेंसी ISI फंडिंग कर रहा है. इसके तहत भारतीय एजेंसियां देश में सोशल मीडिया की गतिविधियों पर पैनी नजर रख रही है.

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