Advertisement
trendingNow,recommendedStories0/zeesalaam/zeesalaam2138615
Zee SalaamZee Salaam ख़बरेंMohammad Alvi Shayari: उस से मिले ज़माना हुआ लेकिन आज भी; मोहम्मद अल्वी के शेर

Mohammad Alvi Shayari: 'उस से मिले ज़माना हुआ लेकिन आज भी'; मोहम्मद अल्वी के शेर

Mohammad Alvi Shayari: बचपन में मोहम्मद अल्वी का नाम जामिया मिल्लिया इस्लामिया में लिखवाया गया लेकिन उनका मन नहीं लगा. पांचवीं तक पढ़ने के बाद घर वापस चले गए. मोहम्मद अल्वी को साल 1992 में साहित्य अकादमी पुरस्कार से सम्मानित किया गया.

Mohammad Alvi Shayari: 'उस से मिले ज़माना हुआ लेकिन आज भी'; मोहम्मद अल्वी के शेर

Mohammad Alvi Shayari: मोहम्मद अल्वी उर्दू के बेहतरीन शायर थे. वह अपनी बात बहुत ही आसान जबान में कहते थे. मोहम्मद अल्वी की पैदाइश 10 अप्रैल 1927 को अहमदाबाद गुजरात में हुई. उन्हें शायरी वरासत में मिली. उनके घर का माहौल साहित्यिक था. उन्होंने कहानियां भी लिखी हैं. वह कई बार सआदत हसन मंटों से मिलने मंबई गए. उन्होंने साल 1947 में पहली गजल लिखी. 29 जनवरी 2018 को उन्होंने अहमदाबाद में इस दुनिया को अलविदा कह दिया. 

अच्छे दिन कब आएँगे 
क्या यूँ ही मर जाएँगे 

सर्दी में दिन सर्द मिला 
हर मौसम बेदर्द मिला 

Add Zee News as a Preferred Source

अपना घर आने से पहले 
इतनी गलियाँ क्यूँ आती हैं 

रोज़ अच्छे नहीं लगते आँसू 
ख़ास मौक़ों पे मज़ा देते हैं 

आग अपने ही लगा सकते हैं 
ग़ैर तो सिर्फ़ हवा देते हैं 

कमरे में मज़े की रौशनी हो 
अच्छी सी कोई किताब देखूँ 

अब तो चुप-चाप शाम आती है 
पहले चिड़ियों के शोर होते थे 

कभी आँखें किताब में गुम हैं 
कभी गुम हैं किताब आँखों में 

अंधेरा है कैसे तिरा ख़त पढ़ूँ 
लिफ़ाफ़े में कुछ रौशनी भेज दे 

आज फिर मुझ से कहा दरिया ने 
क्या इरादा है बहा ले जाऊँ

कुछ तो इस दिल को सज़ा दी जाए 
उस की तस्वीर हटा दी जाए 

उस से बिछड़ते वक़्त मैं रोया था ख़ूब-सा 
ये बात याद आई तो पहरों हँसा किया 

देखा तो सब के सर पे गुनाहों का बोझ था 
ख़ुश थे तमाम नेकियाँ दरिया में डाल कर 

वो जंगलों में दरख़्तों पे कूदते फिरना 
बुरा बहुत था मगर आज से तो बेहतर था 

उस से मिले ज़माना हुआ लेकिन आज भी 
दिल से दुआ निकलती है ख़ुश हो जहाँ भी हो 

About the Author
author img
Siraj Mahi

सिराज माही युवा पत्रकार हैं. देश, दुनिया और मनोरंजन की खबरों पर इनकी अच्छी पकड़ है. ज़ी मीडिया से पहले वह 'ईटीवी भारत' और 'दि संडे पोस्ट' जैसे मीडिया हाउस में काम कर चुके हैं. लिखने-पढ़ने के अलावा ...और पढ़ें

TAGS

Trending news