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Railway यात्रियों से करेगा सब्सिडी छोड़ने की अपील, जल्द शुरू होगी 'Give It Up' मुहिम

हो सकता है आपको भी कभी आश्चर्य हुआ हो कि ट्रेन का टिकट इतना सस्ता क्यों होता है? इसका अहम कारण यह है क्योंकि आप रेलवे की लागत की आधी रकम का ही किराये के रूप में भुगतान करते हैं. इसके अलावा बचा हुआ खर्च इंडियन रेलवे की तरफ से वहन किया जाता है.

Railway यात्रियों से करेगा सब्सिडी छोड़ने की अपील, जल्द शुरू होगी 'Give It Up' मुहिम

नई दिल्ली : हो सकता है आपको भी कभी आश्चर्य हुआ हो कि ट्रेन का टिकट इतना सस्ता क्यों होता है? इसका अहम कारण यह है क्योंकि आप रेलवे की लागत की आधी रकम का ही किराये के रूप में भुगतान करते हैं. इसके अलावा बचा हुआ खर्च इंडियन रेलवे की तरफ से वहन किया जाता है. लेकिन अब रेलवे जल्द ही नया अभियान शुरू करने वाला है. इस अभियान के तहत रेलवे की तरफ से यात्री किराये में इजाफा नहीं किया जाएगा, बल्कि अब भारतीय रेलवे मुसाफिरों से ट्रेन टिकट पर मिलने वाली सब्सिडी छोड़ने की अपील करेगा.

अगले 100 दिनों में शुरू होगा अभियान
इस अभियान के तहत यात्रियों को प्रोत्साहित किया जाएगा कि वे स्वंय रेल किराये पर मिलने वाली सब्सिडी छोड़ दें. यानी आपने यदि सब्सिडी छोड़ने का ऑप्शन सलेक्ट किया तो आपको अपने सफर के लिए पूरा किराया चुकाना होगा. इस बारे में रेलवे की तरफ से आने वाले 100 दिनों में बड़ा जागरूकता अभियान शुरू किया जाएगा. इस अभियान का नाम रेलवे की तरफ से 'गिव इट अप' (Give It Up) रखा जाएगा.

विभिन्न माध्यमों से होगा प्रचार-प्रसार
'गिव इट अप' मुहिम को ज्यादा से ज्यादा लोगों तक पहुंचाने के लिए रेलवे की तरफ से डिजिटल, टीवी, प्रिंट, रेडियो, सोशल मीडिया प्लेटफार्म, रेलवे स्टेशनों और ट्रेनों आदि के माध्यम से प्रचार किया जाएगा. सहयोगी वेबसाइट डीएनए इंडिया में प्रकाशित खबर के अनुसार इंडियन रेलवे ने 100-दिवसीय रोडमैप तैयार कर लिया है. इसे अगस्त के अंत तक प्रधानमंत्री मोदी की मंजूरी के लिए भेजा जाएगा. इस दस्तावेज में रेलवे से संबंधित अन्य प्रस्तावों को भी शामिल किया जाएगा. इस अभियान को शुरू करने के पीछे रेलवे का कहना है कि दो साल पहले वरिष्ठ नागरिकों के लिए ऐसा ही अभियान शुरू किया गया था, इसके काफी अच्छे परिणाम आए थे.

कुल खर्च का 53 प्रतिशत ही लेती है रेलवे
आपको बता दें रेलवे की तरफ से फिलहाल जो किराया लिया जाता है, वह कुल खर्च का 53 प्रतिशत ही है. रेलवे को थर्ड क्लास के अलावा अन्य सभी श्रेणी में नुकसान उठाना पड़ रहा है. रेलवे को उम्मीद है कि जागरूकता अभियान चलाया गया तो आने वाले दिनों में इस मुहिम का असर होगा और रेलवे की आर्थिक समस्या दूर हो सकती है. नए नियम के बाद रेलवे की तरफ से वास्तविक किराया और सब्सिडी वाला किराया बताया जाएगा. इससे सब्सिडी छोड़ने वाले यात्री को पता चल जाएगा कि उसे कितना ज्यादा भुगतान करना होगा.

प्रस्ताव के अनुसार यात्रियों को टिकट बुकिंग के समय दो विकल्प दिए जाएंगे. पहले ऑप्शन के तहत बिना सब्सिडी के आईआरसीटीसी से ट्रेन का टिकट खरीदें. वहीं दूसरे ऑप्शन में सब्सिडी के साथ ट्रेन टिकट खरीदने का विकल्प होगा.