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हाईकोर्ट के आदेश के बाद JNU छात्रसंघ चुनाव का रिजल्ट जारी, जानिए किस पद किसने मारी बाजी

जवाहरलाल नेहरू विश्वविद्यालय छात्रसंघ चुनाव परिणाम घोषित कर दिया गया है.

हाईकोर्ट के आदेश के बाद JNU छात्रसंघ चुनाव का रिजल्ट जारी, जानिए किस पद किसने मारी बाजी
आमतौर पर जेएनयू छात्र संघ चुनाव में वामपंथी विचारधारा वाले छात्र संगठनों का दबदबा रहता है..(फाइल फोटो)

नई दिल्ली: दिल्ली हाईकोर्ट (Delhi High Court ) के निर्देश के बाद जेएनयू (jnu) छात्र संघ चुनाव का परिणाम मंगलवार को घोषित कर दिया गया है. इस बार के चुनाव में भी सभी पदों पर वामदलों का हमेशा की तरह कब्जा रहा है.. इस बार के छात्रसंघ चुनाव में यूनाइटेड लेफ्ट पैनल की आइशी घोष (एसएफआई) नई जेएनयूएसयू प्रेजिडेंट चुनी गई हैं. आइशी घोष अध्यक्ष, साकेत मून (डेमोक्रेटिक स्टूडेंट्स फेडरेशन) उपाध्यक्ष के रूप में, सतीश चंद्र यादव (ऑल इंडिया स्टूडेंट्स एसोसिएशन) महासचिव और मोहम्मद दानिश (ऑल इंडिया स्टूडेंट्स फेडरेशन) के रूप में चुने गए हैं 

Aishe Ghosh (Students’ Federation of India) elected as JNUSU President, Saket Moon (Democratic Students’ Federation) as Vice President, Satish Chandra Yadav (All India Students’ Association) as General Secretary & Mohd Danish (All India Students’ Federation) as Joint Secretary. https://t.co/sc9uxwbTmX

 6 सितंबर को चुनाव हुए थे लेकिन चुनाव के खिलाफ जेएनयू के दो छात्रों की ओर से हाईकोर्ट में याचिका दाखिल करने की वजह से हाईकोर्ट ने चुनाव परिणाम पर रोक लगा दी थी. दाखिल याचिका में कहा गया था कि चुनाव समिति ने लिंग्दोह कमेटी की सिफारिशों की अनदेखी करके छात्रसंघ का चुनाव कराया है.

अंशुमान दुबे और अनुज कुमार द्विवेदी ने याचिका में जेएनयूएसयू का चुनाव लिंग्दोह कमेटी की सिफारिशों के तहत कराने की मांग की थी. इससे पहले जेएनयू छात्र संघ चुनाव की चुनाव समिति ने मतगणना 8 सितंबर (रविवार) की रात 9 बजे पूरी कर ली थी. जेएनयू छात्र संघ चुनाव समिति के मुख्य चुनाव आयुक्त शशांक पटेल ने कहा था कि हमारी तरफ से विश्वविद्यालय के छात्र संघ चुनाव की मतगणना पूरी कर ली गई है.

आपको बता दें कि आमतौर पर जेएनयू छात्र संघ चुनाव में वामपंथी विचारधारा वाले छात्र संगठनों का दबदबा रहता है. इससे पहले दिल्ली यूनिवर्सिटी के चुनाव नतीजे आ चुके हैं, जिनमें अध्यक्ष पद समेत तीन अहम पदों पर एबीवीपी ने जीत हासिल की है.