हनुमानगढ़: 4 क्विंटल 40 किलो नशीले पदार्थ के साथ पकड़ा गया तस्कर, 22 कारतूस भी बरामद

कार्रवाई के दौरान दो तस्कर मौके से फरार हो गए जिनकी तलाश चल रही है. जांच अधिकारी के अनुसार, गिरफ्तार तस्कर वेदप्रकाश पर पहले भी हत्या सहित कई मुकदमे दर्ज हैं.

हनुमानगढ़: 4 क्विंटल 40 किलो नशीले पदार्थ के साथ पकड़ा गया तस्कर, 22 कारतूस भी बरामद
कार्रवाई के दौरान दो तस्कर मौके से फरार हो गए.

मनीष शर्मा, हनुमानगढ़: जिला पुलिस अधीक्षक राशि डोगरा के निर्देश पर चलाए नशे के खिलाफ विशेष अभियान में टाउन पुलिस और स्पेशल टीम ने एक बड़ी कार्रवाई को अंजाम दिया है. इसमें चार क्विंटल 40 किलो पोस्त तथा एक रिवॉल्वर और 22 जिंदा कारतूस सहित एक तस्कर को पकड़ने में सफलता हासिल की है.

इस कार्रवाई में जहां एक आरोपी को पुलिस ने मौके से ही गिरफ्तार कर लिया तो वहीं दो अन्य की तलाश टाउन पुलिस कर रही है. जांच अधिकारी और टाऊन एसएचओ नन्दराम भादू के अनुसार, तस्कर वेदप्रकाश को 4.40 क्विंटल पोस्त, एक पिस्तौल और 22 कारतूस सहित गिरफ्तार किया साथ ही पोस्त तस्करी में प्रयुक्त बोलेरो कैम्पर को भी जब्त किया. 

कार्रवाई के दौरान दो तस्कर मौके से फरार हो गए, जिनकी तलाश चल रही है. जांच अधिकारी के अनुसार गिरफ्तार तस्कर वेदप्रकाश पर पहले भी हत्या सहित कई मुकदमे दर्ज हैं और वह हत्या के एक मामले में जमानत पर चल रहा है. आरोपी की जिले में कई शराब की दुकानें होने की जानकारी पुलिस को मिली है.

मुख्य तस्कर अनिल झींझा और नेतराम फरार
प्रारंभिक पूछताछ में तस्कर वेदप्रकाश ने पोस्त जिले के रावतसर थानाक्षेत्र के अनिल झींझा के घर से लेकर आने की जानकारी दी है. इस मामले में मुख्य तस्कर अनिल झींझा और नेतराम फरार है, जिसकी पुलिस द्वारा तलाश की जा रही है. टाऊन पुलिस के अनुसार तस्करों के संपर्कों बाबत जानकारी जुटाई जा रही है, वहीं बरामद पिस्तौल का लाइसेंस किसके नाम है इसकी भी जानकारी जुटाई जा रही है. 

फिलहाल पुलिस ने तस्कर पर एनडीपीएस एक्ट और आर्म्स एक्ट में मुकदमा दर्ज किया है. जिस तरह बढ़ते अपराधों में नशा एक बड़ी भूमिका निभाता है. ऐसे में जिला पुलिस ने इस महीने नशे के खिलाफ अभियान के तहत कई बड़ी कार्रवाई करने में सफलता हासिल की है, जहां सदर थानाक्षेत्र में एक अवैध अंग्रेजी शराब का कंटेनर, जंक्शन थानाक्षेत्र में अवैध अंग्रेजी शराब से भरा ट्रक, इससे पहले जंक्शन थानाक्षेत्र से 10 क्विंटल पोस्त सहित कई बड़ी कार्रवाही जिला पुलिस द्वारा अंजाम दी गई. 

पुलिस की ऐसी कार्रवाहियों से नशे के सौदागरों के हौसले पस्त तो हुए हैं लेकिन देखने वाली बात यह होगी कि जिस तरह जिला पुलिस ने नशे के सौदागरों के ऊपर कानून का शिकंजा कसा है, क्या उस अनुपात में अपराध के आंकड़ों में कुछ कमी आ पाएगी?