महिलाओं के खिलाफ अत्याचार के मामलों में जल्द न्याय की मांग को लेकर मौन व्रत पर बैठ अन्ना हजारे

मौन व्रत पर बैठने से पहले अन्ना हजारे ने कहा की, 'देश में महिलाओं पर होने वाले अत्याचार चिंता का विषय है. यह मानवता पर कलंक है.''

महिलाओं के खिलाफ अत्याचार के मामलों में जल्द न्याय की मांग को लेकर मौन व्रत पर बैठ अन्ना हजारे

अहमदनगर: अहमदनगर (Ahmednagar) के रालेगण सिद्धी (Ralegan Siddhi) में अन्ना हजारे (Anna Hazare) ने शुक्रवार (20 दिसंबर) से मौन आंदोलन शुरु किया है. पुलिस थाने में महिलाओं पर अत्याचार कि केस दर्ज होने के बाद कोर्ट में सुनवाई प्रक्रिया शीघ्र पुरी कि होने की मांग को लेकर अन्ना मौन व्रत पर बैठे है . 

अन्ना अपने गांव रालेगण सिद्धि में मौन व्रत धारण किया है. इस आंदोलन के बारे में प्रधानमंत्री को 10 दिसंबर को प्रधानमंत्री को और 13 दिसंबर को राष्ट्रपती को खत लिखा था. मौन व्रत पर बैठने से पहले अन्ना हजारे ने कहा की, 'देश में महिलाओं पर होने वाले अत्याचार चिंता का विषय है. यह मानवता पर कलंक है.''

अन्ना ने कहा, 'महिलाओं के अत्याचार मामले में जल्द न्याय मिलना चाहिए. मैं ने पीएम को खत लिखकर कहा है की अगर कानून में कोई बदलाव लाना चाहते हैं तो कानून लाएं और जल्द से जल्द न्याय मिले इसलिए संसद में कानून बने. अन्ना ने कहा, 'अगर मौन के बाद भी केंद्र ने कोई एक्शन नही लिया तो आगे अंशन शुरु करूंगा.' 

(इनपुट- लैलेश बारगजे )