"आदत से मजबूर" है कांग्रेस, जामिया के 'Fake' वीडियो पर प्रियंका की 'गंदी राजनीति'

जहां जामिया मिलिया इस्लामिया के लाइब्रेरी वाले गलत वीडियो पर यूनिवर्सिटी प्रशासन ने सफाई दी है, वहीं कांग्रेस पार्टी ने इसे भुनाने का ठेका ले लिया है. प्रियंका गांधी वाड्रा ने मामले को तूल देने के लिए सारी हदें पार कर दी.

"आदत से मजबूर" है कांग्रेस, जामिया के 'Fake' वीडियो पर प्रियंका की 'गंदी राजनीति'

नई दिल्ली: हर मुद्दों पर कांग्रेस पार्टी की गंदी राजनीति सामने आ ही जाती है. ऐसा हम इसलिए बोल रहे हैं क्योंकि जामिया मिलिया इस्लामिया यूनिवर्सिटी के लाइब्रेरी में पुलिस को लेकर एक एडिटेड या फिर ये कहें कि गलत वीडियो सोशल मीडिया पर सामने आया. जिसकी सच्चाई ज़ी मीडिया ने सबके सामने ला दिया. यहां तक कि जामिया यूनिवर्सिटी ने खुद इसपर सफाई दे दी है. लेकिन कांग्रेस पार्टी ने इसे लेकर सियासी चाल चल दी.

राजनीति चमकाने के लिए कुछ भी करेंगी प्रियंका गांधी?

राजनीति में कांग्रेस पार्टी का डूबता अस्तित्व किसी से छिपा नहीं है. शायद यही वजह है कि अपनी पार्टी नैय्या पार कराने के लिए गांधी परिवार के सदस्य और कांग्रेस पार्टी के लीडर कुछ भी करने को तैयार हैं. कभी देश की सेना पर सियासत की जाती है तो कभी फेक वीडियो का हवाला देकर देश की व्यवस्था पर सवाल उठाए जाते हैं. कांग्रेस पार्टी की ऐसी नीयत बनती जा रही है.

Jamia Coordination Committee ने ट्विटर पर एक वीडियो जारी किया जिसे कांग्रेस की राष्ट्रीय महासचिव प्रियंका गांधी वाड्रा ने सियासी रंग देने की कोशिश की. लेकिन वो शायद ये भूल जाती हैं कि उन्हें ऐसी हरकत सोच समझ के करनी चाहिए.

जामिया हिंसा पर फैल रहे झूठ को बेनकाब करने वाली रिपोर्ट

कांग्रेस को हर बात में क्यों दिखती है राजनीति?

इस वीडियो पर कांग्रेस महासचिव प्रियंका गांधी वाड्रा ने ट्वीट किया है- उन्होंने लिखा है कि "देखिए कैसे दिल्ली पुलिस पढ़ने वाले छात्रों को अंधाधुंध पीट रही है. एक लड़का किताब दिखा रहा है लेकिन पुलिस वाला लाठियां चलाए जा रहा है. गृह मंत्री और दिल्ली पुलिस के अधिकारियों ने झूठ बोला कि उन्होंने लाइब्रेरी में घुस कर किसी को नहीं पीटा. इस वीडियो को देखने के बाद जामिया में हुई हिंसा को लेकर अगर किसी पर एक्शन नहीं लिया जाता तो सरकर की नीयत पूरी तरह से देश के सामने आ जाएगी."

यूनिवर्सिटी ने दे दी है सफाई

जामिया की लाइब्रेरी में पुलिस पिटाई के वीडियो पर यूनिवर्सिटी ने कहा कि "लाइब्रेरी में पुलिस पिटाई का वीडियो यूनिवर्सिटी ने रिलीज नहीं किया. लाइब्रेरी में पुलिस पिटाई का वीडियो जामिया के पूर्व छात्रों की कमेटी ने रिलीज किया."

जामिया के वीडियो का सच क्या?

1. लाइब्रेरी में पिटाई के वीडियो का छोटा सा हिस्सा ही ट्वीट किया गया
2. सोशल मीडिया पर पिटाई से पहले का भी एक वीडियो है
3. पिटाई से पहले के वीडियो में एक छात्र मुंह पर रुमाल बांधकर बैठा है
4. लाइब्रेरी में बैठा छात्र पुलिस को देखते ही रजिस्टर खोल लेता है
5. पुलिस एक्शन से पहले 1 छात्र बाहर से दौड़कर अंदर आता दिख रहा है
6. पुलिस लाइब्रेरी में मौजूद करीब सभी छात्रों को पीटती दिख रही है

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ये पहली दफा नहीं है जब ऐसे मुद्दे को भुनाने के लिए कांग्रेस पार्टी ने ऐसी चाल चली हो, ये कहना गलत नहीं होगा कि कांग्रेस पार्टी अपनी आदत से मजबूर है. तभी तो बार-बार पार्टी और उसके नेता ऐसे मामले को तूल देने की कोशिश करने का ठेका ले लेते हैं. लेकिन वो हर बार भूल जाते हैं कि सच्चाई सामने आ ही जाती है.

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