Zee Rozgar Samachar

महाराष्ट्र में पहला ई-फूड ट्रक बनाने का दावा, मुंबई के इस शख्स ने कर दिखाया कारनामा

मोदी सरकार देश में आने वाले सालों में देश में पेट्रोल-डीजल पर निर्भरता को कम करने के लिए जिस तरह से इलेक्ट्रिक वाहनों को आगे बढ़ाने की बात कर रही उसी से प्रेरणा लेते हुए मुंबई से सटे बदलापूर इलाके के निखिल राणे ने महाराष्ट्र का पहला ई-फूड ट्रक बनाने का दावा किया है.

महाराष्ट्र में पहला ई-फूड ट्रक बनाने का दावा, मुंबई के इस शख्स ने कर दिखाया कारनामा

चंद्रशेखर भुयार/ मुंबई: मोदी सरकार देश में आने वाले सालों में देश में पेट्रोल-डीजल पर निर्भरता को कम करने के लिए जिस तरह से इलेक्ट्रिक वाहनों को आगे बढ़ाने की बात कर रही उसी से प्रेरणा लेते हुए मुंबई से सटे बदलापूर इलाके के निखिल राणे ने महाराष्ट्र का पहला ई-फूड ट्रक बनाने का दावा किया है. यह ट्रक बाहर से तो आम गाड़ियों जैसा ही दिखाई देता है, लेकिन अंदर से यह काफी खास है. ट्रक की सबसे खास बात यह है कि इसे सड़क पर कही भी छोटी जगह में खड़ा कर सकते हैं.

ट्रक में एल्यूमिनियम का सामान इस्तेमाल किया गया
ट्रक को तैयार करने में तीन महीने का समय लगा. एक बार चार्ज होने पर यह ई फूड ट्रक 50 किलोमीटर की यात्रा कर सकता है. ट्रक का वजन सिर्फ 300 किलो ग्राम है, लेकिन 1000 किलो का भार उठाने में सक्षम है. इस ट्रक को तैयार करने में तीन महीने का समय लगा और यह महज 3 लाख रुपये में तैयार हो गया. ट्रक के अंदर लाइट, मनोरंजन के लिए म्यूजिक सिस्टम, खाना बनाने के लिए सिंगडी, वाटर टैंक स्टोरेज, एक पूरा किंचन बनाया गया है. सिंगड़ी एलपीजी से चलेगी. ट्रक मे लाइट के लिए इनवर्टर दिया गया है. ट्रक में इस्तेमाल किए गए ज्यादातर सामान एल्यूमिनियम के हैं, ताकि इसमें जंग नहीं लगे.

लाइव टीवी...

फुल चार्ज पर चलता है 50 से 80 किमी
फूड ट्रक में 1200 वॉट का मोटर, 100 एंपीयर की 4 बैटरी लगी है. ट्रक से एक घंटे मे 20 किलोमीटर का सफर तय किया जा सकता है. एक बार फुल चार्ज होने पर यह 50 से 80 किलोमीटर तक का सफर तय कर सकता है. सिर्फ 100 रुपये के खर्च में यह ट्रक 300 से 400 किलोमीटर तक जा सकता है. ट्रक बनाने वाले निखिल राणे का कहना है कि इस ट्रक की जैसी डिमांड होगी वैसा बनाया जा सकता है, जैसे पिज्जा हाट डांग के लिए अलग तो वडा पाव और चाय की दुकान के लिए अलग तरीके ट्रक बनाया जा सकता है.

ई-फूड ट्रक, e food truck, e food truck in badlapur, badlapur

निखिल की माने तो ट्रक को बनाने में 50 हजार से लेकर 3 लाख रुपये तक का खर्च आएगा. निखिल राणे ने मेकेनिकल इंजीनियरिंग में डिप्लोमा किया है और बदलापूर में मोटर साइकिल के मॉडिफिकेशन का काम करते हैं. इस ट्रक के बारे में निखिल का कहना है कि अभी उन्होंने इसके लिए आरटीओ से अनुमति नहीं ली है, लेकिन जब वो इसे सड़कों पर उतारेंगे तो जो भी जरूरी होगा वो सारी कागजी कार्रवाई पूरी करेंगे. निखिल का कहना है कि इससे फूड ट्रक का चलन आगे बढ़ेगा, पेट्रोल डीजल का इस्तेमाल न होने से लोगों की कमाई बढ़ेगी और पर्यावरण भी अच्छा होगा.

(रिपोर्ट : )

Zee News App: पाएँ हिंदी में ताज़ा समाचार, देश-दुनिया की खबरें, फिल्म, बिज़नेस अपडेट्स, खेल की दुनिया की हलचल, देखें लाइव न्यूज़ और धर्म-कर्म से जुड़ी खबरें, आदि.अभी डाउनलोड करें ज़ी न्यूज़ ऐप.