जम्मू कश्मीरः बडगाम में भारतीय वायुसेना का MI-17 विमान क्रैश

बडगाम में विमान हादसे वाले जगह पर पहुंची भारतीय सेना

जम्मू कश्मीरः बडगाम में भारतीय वायुसेना का MI-17 विमान क्रैश

श्रीनगरः जम्मू कश्मीर के बडगाम में भारतीय वायुसेना का एमआई 17 हेलीकॉप्टर क्रैश हो गया है. इस हादसे की वजह का अभी खुलासा नहीं हुआ है. ऐसी भी खबर है कि यह हेलीकॉप्टर तकनीकी खराबी के चलते दुर्घटनाग्रस्त हुआ है. घटनास्थल से दो शव मिले है. एसएसपी बडगाम ने मीडिया को बताया, 'भारतीय वायुसेना की तकनीकी टीम घटनास्थल पर पहुंच रही है, इसके बाद ही पूरी जानकारी मिलेगी, हमें दो शव मिले है.' इस घटना में दो लोगों की मौत हो गई. अधिकारियों ने बताया कि हेलीकॉप्टर बडगाम के गारेंद कलां गांव के पास खुले मैदान में सुबह 10 बजकर पांच मिनट पर दुर्घटनाग्रस्त हुआ.

उन्होंने बताया कि हेलीकॉप्टर दो हिस्सों में टूट गया और उसमें फौरन आग लग गई. अधिकारियों ने बताया कि दोनों मृतकों की पहचान की तत्काल पुष्टि नहीं हो सकी है.

पाकिस्तान ने भारत के हवाई क्षेत्र का किया उल्लंघन, भारतीय जेट ने खदेड़ा
पाकिस्तानी जेट ने बुधवार को जम्मू-कश्मीर के राजौरी जिले के नौशेरा सेक्टर में भारतीय हवाई क्षेत्र का उल्लंघन किया लेकिन भारतीय हेलीकॉप्टरों ने उन्हें पीछे खदेड़ दिया. एक शीर्ष अधिकारी ने यह जानकारी दी. अधिकारी ने बताया कि बुधवार सुबह नौशेरा सेक्टर में भारतीय हवाई क्षेत्र में जेट घुसे लेकिन उन्हें भारतीय हेलीकॉप्टरों ने तत्काल उन्हें वापस खदेड़ दिया.

 

राजनाथ सिंह ने पाकिस्तान में आतंकी शिविर पर हवाई हमले के बाद सुरक्षा स्थिति की समीक्षा की
गृहमंत्री राजनाथ सिंह ने पाकिस्तान में आतंकी समूह जैश-ए-मोहम्मद के सबसे बड़े शिविर पर भारतीय लड़ाकू विमानों के बम गिराने के एक दिन बाद बुधवार को देश में विशेषकर पाकिस्तान के साथ लगती सीमा की सुरक्षा स्थिति की समीक्षा की. बैठक के दौरान देश में सुरक्षा स्थिति और सभी संवेदनशील जगहों पर सुरक्षा सुनिश्चित करने के के बारे में एक विस्तृत ब्योरा दिया गया. बैठक में राष्ट्रीय सुरक्षा सलाहकार अजीत डोभाल सहित अन्य लोग उपस्थित थे.

गृह मंत्रालय के एक अधिकारी ने बताया कि सिंह ने अधिकारियों को भारत-पाकिस्तान सीमा की निगरानी कर रहे सीमा सुरक्षाबल को उच्चतम स्तर तक की सतर्कता सुनिश्चित करने को कहा, ताकि सीमा पार से किसी भी दुस्साहस को नाकाम किया जा सके. बैठक में उपस्थित रहने वालों में केन्द्रीय गृह सचिव राजीब गाबा और खुफिया ब्यूरो के निदेशक राजीव जैन शामिल हैं.

अधिकारियों ने बताया कि भारत ने मंगलवार को पौ फटने से पहले बड़ी कार्रवाई करते हुए पाकिस्तान स्थित आतंकी संगठन जैश-ए-मोहम्मद के सबसे बड़े शिविर को तबाह कर दिया जिसमें लगभग 350 आतंकवादी और उनके प्रशिक्षक मारे गए. पाकिस्तान ने पुलवामा आतंकी हमले के बाद इन आतंकवादियों को उनकी सुरक्षा के लिए इस शिविर में भेजा था. भारतीय वायुसेना का यह हमला अत्यंत त्वरित और सटीक था.

सूत्रों ने बताया कि वर्ष 1971 के युद्ध के बाद भारतीय वायुसेना पहली बार पाकिस्तान में दाखिल हुई . विदेश सचिव ने यहां संवाददाताओं को बताया कि पाकिस्तान स्थित आतंकी गुट जैश ए मोहम्मद के बालाकोट में मौजूद सबसे बड़े प्रशिक्षण शिविर पर खुफिया सूचनाओं के बाद की गई यह कार्रवाई जरूरी थी क्योंकि आतंकी संगठन भारत में और आत्मघाती हमले करने की साजिश रच रहा था.

गौरतलब है कि 14 फरवरी को पुलवामा में सीआरपीएफ के काफिले पर हुए हमले में 40 जवान शहीद हो गये थे. जैश ए मोहम्मद ने पुलवामा हमले की जिम्मेदारी ली थी.

(इनपुट भाषा)