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कश्‍मीरी छात्रों को देश से प‍र‍िच‍ित कराने के लि‍ए CRPF ने बनाया ये एक्‍शन प्रोग्राम

इसी क्रम में श्रीनगर अंतर्राष्ट्रीय हवाई अड्डे से 43 और 132 बटालियन सीआरपीएफ द्वारा दो ग्रुप रवाना किये गए. जिसे श्रीनगर सेक्टर के आईजी रविदीप सिंह साही ने हरी झंडी दिखाई.

कश्‍मीरी छात्रों को देश से प‍र‍िच‍ित कराने के लि‍ए CRPF ने बनाया ये एक्‍शन प्रोग्राम
CRPF का यह भारत दर्शन छात्रों को देश के कई ह‍िस्‍सों में ले जाएगा.

श्रीनगर : कश्मीर घाटी के युवाओं के भविष्य को सुधारने और उन्हें देश से परिचित करने के लिए सीआरपीएफ ने कदम बढ़ाया. करीब 400 कश्मीरी युवाओं को केंद्र सरकार के सिविक एक्शन प्रोग्राम के तेहत भारत दर्शन के लिए दिल्ली, चेन्नई, मुंबई, त्रिवेंद्रम भेजा जाएगा, जहां वह भारत की धरोहर और इतिहास से रूबरू हो पाएंगे. बता दें कि सीआरपीएफ द्वारा ऐसे 20 ग्रुप भेजे जाएंगे जिनमें एक सीआरपीएफ अधिकारी के नेतृत्‍व में 18 छात्र (18 वर्ष से कम आयु के) और 2 अध्यापक रहेंगे. इसी क्रम में श्रीनगर अंतर्राष्ट्रीय हवाई अड्डे से 43 और 132 बटालियन सीआरपीएफ द्वारा दो ग्रुप रवाना किये गए. जिसे श्रीनगर सेक्टर के आईजी रविदीप सिंह साही ने हरी झंडी दिखाई.

 

इस अवसर पर आईजी सीआरपीएफ रविदीप सिंह साही ने कहा, "श्रीनगर सेक्टर से 400 बीपीएल केटेगरी के बच्चों को राज्य से बाहर भेज रहे हैं. यह भारत दर्शन टूर सिविक एक्शन प्रोग्राम के तहत आता है. इसके तहत वह देश के विभिन राज्यों के कई शहरों को देख पाएंगे और इन्हें कुछ सीखने को मिलेगा. साही ने यह भी कहा कि मुझे पूरी उम्मीद है भारत सरकार के ऐसे प्रयास काफी उपयोगी साबित होंगे, क्यूंकि बच्चे जो बाहर जाएंगे उनकी मानसिकता में कुछ अंतर ज़रूर देखने को मिलेगा.

भारत दर्शन करने जा रहे बच्चों में बेहद उत्साह और जोश देखने को मिला. वह सीआरपीएफ के शुक्रगुजार थे कि उन्होंने उन्हें यह मौका दिया. बच्चों ने कहा कि सैर के साथ साथ उन्हें बहुत कुछ सीखने को मिलेगा. जब वापस लौटेंगे तो उनके जीवन में एक बदलाव होगा. वहीं अकील हुसैन नाम के एक छात्र ने बताया कि "हमारे दिल में हमेशा ख्‍वाइश थी कि हम भी कश्मीर से बाहर निकल कर अपने देश के अन्य राज्यों में घूमें, जिसे आज सीआरपीएफ ने पूरा किया और मैं काफी खुश हूँ इसका हिस्सा बनके. मैं सीआरपीएफ का शुक्रगुजार हूँ, क्यूंकि हमारे परिवार के पास इतना जरिया नहीं कि वह हमें बाहर घूमने के लिए भेज सकें. अकील के अनुसार हमें बाहर के राज्यों में जाकर कई चीज़ें देख सकेंगे.

एक अन्य छात्र मोहसिन के अनुसार "हम दिल्ली और मुंबई जा रहे हैं और यह केवल सीआरपीएफ की वजह से हमारा सपना पूरा हो पाया है. आज तक किताबों में सुना था लेकिन अब यह चीज़ें अपनी आँखों से देखने को मिलेगी."

सीआरपीएफ (श्रीनगर सेक्टर) के आईजी रविदीप सिंह साही ने कहा कि "सुरक्षाबलों की हमेशा से यह कोशिश रहती है कि युवाओं को मुख्य धारा में लाया जा सके और हमें यह गर्व है कि पिछले साल खेल और अन्य प्रयासों के ज़रिये हम काफी हद तक कामयाब भी रहे हैं. लेकिन बहुत ही कम संख्या है युवाओं की जो आतंकवाद में शामिल हो रहे हैं और यह सब सोशल मीडिया के दुरुपयोग के चलते हुआ है. साही ने कहा कि हमारी जितनी भी कोशिशें रही हैं. वह काफी हद तक सफल रही हैं. सभी सुरक्षा एजेंसि‍यां समन्वय के साथ ऑपरेशन कर रही हैं और काफी सफलताएँ मिल पाई हैं और ऐसे ऑपरेशन आगे भी जारी रहेंगे. उन्होंने कहा कि इन सफलताओं में इंटेलिजेंस का अहम रोल रहा है. वहीं अल-बद्र कमांडर जीनतुल इस्लाम के मारे जाने को लेकर उन्होंने कहा कि लीडरशिप एक अहम रोल अदा करती है आतंकवाद में और किसी भी कमांडर के मारे जाने से ज़मीनी स्तर पर अच्छा असर पड़ता है. वहीँ आगामी चुनावों को लेकर उन्होंने कहा कि जैसे पंचायत और निकाय चुनावों में समन्वय से काम किया वैसे ही आगामी चुनावों में सुरक्षा एजंसियां पूरी तरह से तैयार हैं."