मुंबई नगर निकाय का 30,692 करोड़ रुपये का बजट पेश, शिक्षा, स्वास्थ्य पर जोर

बीएमसी का अगले वित्त वर्ष का बजट पिछले साल से 12.6 प्रतिशत अधिक है. 

मुंबई नगर निकाय का 30,692 करोड़ रुपये का बजट पेश, शिक्षा, स्वास्थ्य पर जोर
फाइल फोटो

मुंबई: मुंबई महानगर में नागरिक सुविधाओं का संचालान करने वाले निकाय बृहन्मुंबई महानगरपालिका (बीएमसी) ने सोमवार को 2019-20 के लिए 30,692 करोड़ रुपये का बजट पेश किया. बजट में किसी तरह के नए कर का प्रस्ताव नहीं किया गया है. बजट में स्वास्थ्य तथा प्राथमिक शिक्षा जैसी बुनियादी सेवाओं के लिए क्रमश: 4,151 करोड़ रुपये और 2,074 रुपये का प्रावधान किया है. बजट में कई बुनियादी ढांचा परियोजनाओं के लिए भी धन आवंटित किया है. 

बीएमसी का अगले वित्त वर्ष का बजट पिछले साल से 12.6 प्रतिशत अधिक है. पिछले वित्त वर्ष उसका बजट 27,258 करोड़ रुपये का था. बीएमसी ने अगले वित्त वर्ष के बजट में किसी तरह का शुल्क नहीं लगाया है और न ही मौजूदा करों को बढ़ाने का प्रस्ताव किया है. बीएमसी आयुक्त अजय मेहता ने बजट पेश करते हुए कहा कि नगर निकाय का ध्यान अहम परियोजनाओं और स्वास्थ्य, शिक्षा, पुल, सड़क एंव यातायात समेत अन्य क्षेत्रों पर है.

मेहता ने स्वास्थ्य क्षेत्र के लिए 4,151 करोड़ रुपये और प्राथमिक शिक्षा के लिए 2,074 करोड़ रुपये का प्रस्ताव किया है, जो कि कुल खर्च का क्रमशः 13 प्रतिशत और 7 प्रतिशत है. कुल अवस्थापना बजट 11,946 करोड़ रुपये है, जो कि कुल राजस्व का 48 प्रतिशत है. बीएमसी ने तटीय परियोजनाओं के लिए अलग से धनराशि निर्धारित की. जिसमें तटीय सड़क (1,600 करोड़ रुपये), साइकिल ट्रैक (120 करोड़ रुपये), गोरेगांव-मुलुंड लिंक रोड (100 करोड़ रुपये), देवनार में अपशिष्ट से ऊर्जा बनाने वाले संयंत्र (100 करोड़ रुपये) का प्रस्ताव किया है. इसके अलावा, पुलों की मरम्मत के लिए 108 करोड़ रुपये, चिड़ियाघर के विकास के लिए 110 करोड़ रुपये और ठोस अपशिष्ट प्रबंधन के लिए 177 करोड़ रुपये का प्रस्ताव किया गया है. 

बीएमसी ने विकास योजना (डीपी) 2034 के कार्यान्वयन के मद्देनजर 2019-20 के लिए 3,323.64 करोड़ रुपये का एक अलग बजट प्रस्तावित किया है.काफी धनी माने जाने वाली बृहन्मुंबई महानगरपालिका ने 2016-17 में अपना अब तक सबसे भारी-भरकम 37,052 करोड़ रुपये का बजट पेश किया गया था. हालांकि, अगले ही साल 2017-18 में बजट में 12,000 करोड़ रुपये की कटौती करते हुए 25,141 करोड़ रुपये का बजट पेश किया था.
 
(इनपुट भाषा से)