#MyRoadMyRight: 'सरगम सोसाइटी अग्निकांड' से आखिर कब लेंगे सबक?

गौरतलब है कि सरगम सोसाइटी में आग लगने के बाद ये बात सामने आई कि वहां अवैध और डबल पार्किंग के चलते दमकल विभाग की गाड़ियों को घटनास्थल तक पहुंचने में दिक्कत हुई, हादसे में 5 लोगों की मौत हुई थी.

#MyRoadMyRight: 'सरगम सोसाइटी अग्निकांड' से आखिर कब लेंगे सबक?

मुंबईः ज़ी न्यूज के अभियान #MyRoadMyRight यानी 'मेरी सड़क, मेरा अधिकार' के तहत हम बात कर रहे हैं डबल पार्किंग समस्या की. मुंबई के बेहद पॉश इलाकों में भी डबल पार्किंग और अवैध पार्किंग का बोलबाला है. शहर के पॉश इलाकों में से एक चर्चगेट रेलवे स्टेशन के पास सी रोड पर सड़क के एक तरफ चर्चगेट रेलवे स्टेशन है तो दूसरी तरफ मरीन ड्राइव जिसे मुंबई की शान कहा जाता है. सड़क की दोनोंं तरफ खूबसूरत इमारतें हैं जिसमें करोड़ों के मकान हैं. लेकिन यहांं भी कुछ गाड़ियां कैसे डबल पार्किंग में अवैध तरीके से खड़ी हैं. 

डबल पार्किंग में खड़ी जिन गाड़ियों के भीतर उनके ड्राइवर बैठे हैं वह बड़ी समस्या नहीं है, लेकिन असल में समस्या डबल पार्किंग में खड़ी वह गाड़ियां हैं जिनके आस-पास ना उनका मालिक है, ना कोई ड्राइवर, ना कोई देखभाल करने वाला व्यक्ति और ना ही किसी का कोई कांटेक्ट नंबर.

ज़ी मीडिया की टीम ने भी जब आसपास के लोगों, सिक्योरिटी कर्मचारियों से पूछताछ कर डबल पार्किंग में खड़ी गाड़ियों के ड्राइवर या मालिक के बारे में जानने की कोशिश की तो इन लोगों को भी अवैध पार्किंग में खड़ी इन गाड़ियों के बारे में कोई जानकारी नहीं थी. ठीक ऐसा ही जब एमरजेंसी हालात में हो तो अंदाजा लगाइए की समस्या कितनी गंभीर हो जाती है. इमरजैंसी हालात में इस सड़क से किसी एंबुलेंस या दमकल विभाग की गाड़ी को गुजर ना हो तो उन्हें काफी दिक्कतों का सामना करना पड़ सकता है.

फायर ब्रिगेड की आग बुझाने वाली गाड़ियां इतनी चौड़ी होती हैं कि उनका इस रास्ते से गुजर पाना मुश्किल होता है. खासतौर पर जब बचाव और राहत कार्य में शामिल एजेंसियों को आसपास में पूछताछ करना हो कि आखिर ये गाड़ी किनकी हैं, उन्हें ढूंढना और गाड़ियों को हटवाना, इस पूरी कवायद में ही काफी देर हो जाती है. 

गौरतलब है कि हाल ही में चेंबूर के सरगम सोसाइटी में आग लगने के बाद ये बात सामने आई कि वहां अवैध और डबल पार्किंग के चलते दमकल विभाग की गाड़ियों को घटनास्थल तक पहुंचने में दिक्कत हुई जिसकी वजह से राहत और बचाव कार्य में देरी हुई. इस घटना में 5 लोगों की मौत हुई थी. सोमवार को खुद सूबे के मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस ने ज़ी मीडिया की इस मुहिम का समर्थन करते हुए कहा कि डबल पार्किंग एक समस्या है जिससे निपटने के लिए सरकार प्रयास कर रही है, ऐसे में सवाल यह खड़ा होता है कि आखिर हम कब सुधरेंगे और अब एजेंसियां इन अवैध या डबल पार्किंग में खड़ी गाड़ियोंं के खिलाफ क्या कार्रवाई करेंगी.