हिमाचल और पंजाब में पाकिस्तानी नंबर का वॉट्सऐप ग्रपु एक्टिव, जांच में जुटी पुलिस

एसएसपी जिला कांगड़ा विमुक्त रंजन ने कहा कि उनके संज्ञान में आया है कि +92 नम्बर से एक वॉट्सऐप ग्रुप बना है और लगभग एक ही सीरिज के 300 नम्बर जो उस ग्रुप में ऐड किए गए हैं.

हिमाचल और पंजाब में पाकिस्तानी नंबर का वॉट्सऐप ग्रपु एक्टिव, जांच में जुटी पुलिस
प्रतीकात्मक तस्वीर

नरीपजीत सिंह, धर्मशाला: पाकिस्तान (Pakistan) के एक वॉट्सऐप नंबर से बने ग्रुप में हिमाचल प्रदेश (Himachal Pradesh) और उसके साथ लगते प्रदेशों के लगभग 300 मोबाइल नंबरों को जोड़ा गया है. यह सिलसिला हिमाचल, पंजाब, हरियाणा सहित अन्य प्रदेशों में पिछले डेढ़-दो वर्षों से चल रहा था. लेकिन मामला प्रकाश में तब आया जब देहरा इलाके के लोगों ने इसकी जानकारी केंद्रीय सुरक्षा एजेंसियों को दी. 

जानकारी के मुताबिक, पाकिस्तान सीरीज के नंबरों से लोगों को वॉट्सऐप ग्रुप में जोड़कर कौन बनेगा करोड़पति के वीडियो डाल कर खेल में शामिल होने का लालच दिया गया है. देहरा के रहने वाले एक व्यक्ति का नंबर जब इस वॉट्सऐप ग्रुप में जुड़ा तो उसने ग्रुप एडमिन का नंबर चेक किया. एडमिन का नंबर पाकिस्तानी सीरीज का था. 

इसके बाद डर के मारे उसने वॉट्सऐप ग्रुप से खुद को एग्जिट कर लिया. जैसे-जैसे वॉट्सऐप ग्रुप में शामिल लोगों को इसका पता लगता गया कि एडमिन नंबर पाकिस्तानी सीरीज का है तो उन्होंने खुद को ग्रुप से एग्जिट कर लिया. पाकिस्तान के कई नंबर से वॉट्सऐप बनाया गया था. 

उधर, मामले की सूचना मिलते ही केंद्रीय सुरक्षा एजेंसियां जांच में जुट गईं हैं. केंद्रीय सुरक्षा एजेंसियों के साथ पुलिस भी मामले की जांच कर रही हैं. एसएसपी जिला कांगड़ा विमुक्त रंजन ने कहा कि उनके संज्ञान में आया है कि +92 नम्बर से एक वॉट्सऐप ग्रुप बना है और लगभग एक ही सीरिज के 300 नम्बर जो उस ग्रुप में ऐड किए गए हैं. उन्होंने बताया कि उन नम्बरों में कुछ एक नम्बर देहरा से ऐड किए हुए हैं. 

विमुक्त रंजन ने कहा कि जांच पड़ताल करने पर पता चला कि एक ऐसा ग्रुप बना है जिसमें में एक ऑडियो शेयर किया गया है. ऑडियो में कहा गया है कि आपकी लॉटरी लगी है और आप फलां नम्बर पर काल करें. ऑडियो में कहा गया है कि जो जानकारी वहां से उपलब्ध होगी वैसा आगे करना है. उन्होंने कहा इसके अलावा इस ग्रुप में कोई भी और एक्टिविटी नहीं हुई है.

उन्होंने आम जनता से यही अनुरोध किया कि +92 नम्बर से कोई कॉल आए या वॉट्सऐप से कोई मेसेज आए तो कृपया रिस्पॉन्ड न करें. क्योंकि यह मात्र लोगों को बेबकुफ बना कर उनसे पैसे एंठने का तरीका है. हालांकि पुसिल इस मामले में आगे भी जांच कर रही है.