CM कमलनाथ से बोले शिवराज सिंह- 'धन्यवाद, जो लोकसभा चुनाव में हार स्वीकर कर ली'

'कमलनाथ जी ने यह भी स्वीकार कर लिया कि राहुल गांधी की प्रधानमंत्री बनने की संभावना नहीं है. देश त्रिशंकु सरकार नहीं बल्कि बजबूत सरकार चाहता है. इसलिए जनता तय कर चुकी है कि नरेंद्र मोदी जी के नेतृत्व में मजबूत सरकार बनेगी.'

CM कमलनाथ से बोले शिवराज सिंह- 'धन्यवाद, जो लोकसभा चुनाव में हार स्वीकर कर ली'
मध्य प्रदेश के पूर्व मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान (फाइल फोटो)

नई दिल्लीः लोकसभा चुनाव 2019 (Lok Sabha Elections 2019) को लेकर राजनीतिक गलियारे गर्माए हुए हैं. मध्य प्रदेश में 2019 का चुनावी मुकाबला तो बीजेपी और कांग्रेस के लिए नाक की लड़ाई बन गया है. दोनों दलों के दिग्गज नेता एक दूसरे के खिलाफ बयानबाजी करते दिखाई दे रहे हैं. ऐसे में मध्य प्रदेश के पूर्व मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान ने वर्तमान मुख्यमंत्री कमलनाथ को धन्यवाद कहा है. मुख्यमंत्री कमलनाथ को धन्यवाद कहते हुए शिवराज सिंह ने कहा कि 'मैं उनका धन्यवाद करता हू, जो उन्होंने लोकसभा चुनाव में कांग्रेस की हार स्वीकार कर ली है. मैं मुख्यमंत्री कमलनाथ जी की प्रशंसा करता हूं की उन्होंने यह मान लिया. सच स्वीकार कर लिया कि कांग्रेस की सरकार नहीं बनने वाली है.'

उन्होंने आगे कहा कि 'कमलनाथ जी ने यह भी स्वीकार कर लिया कि राहुल गांधी की प्रधानमंत्री बनने की संभावना नहीं है. देश त्रिशंकु सरकार नहीं बल्कि बजबूत सरकार चाहता है. इसलिए जनता तय कर चुकी है कि नरेंद्र मोदी जी के नेतृत्व में मजबूत सरकार बनेगी. कांग्रेस पराजय स्वीकार कर चुकी है. सच स्वीकार करने के लिए मुख्यमंत्री कमलनाथ जी का धन्यवाद.'

शहीद हेमंत करकरे को लेकर दिया गया प्रज्ञा ठाकुर का बयान राजद्रोह: BJP विधायक

उन्होंने आगे कहा कि उनका विजन गड्ढे वाली सड़कें, बीमारू प्रदेश और अंधेर नगरी वाला है. तब तबाही का प्रतीक बने थे, आज इनको भोपाल का विजन याद आ रहा है. 10 साल तक तबाही का पर्याय बने रहे और अब विजन की बात करते हैं. मि. बंटाधार, आपकी बातों पर मैं नहीं सारा जमाना हंस रहा है.'

दिग्विजय सिंह ने कहा, 'हिंदुत्व शब्द मेरी डिक्शनरी में है ही नहीं'

बता दें लोकसभा चुनाव के चलते पक्ष-विपक्ष लगातार एक-दूसरे पर निशाना साध रहे हैं और अपनी खूबियां तो दूसरे की कमियां बता रहे हैं. ऐसे में मध्य प्रदेश की भोपाल लोकसभा सीट पर चुनावी जंग और भी रोचक हो चली है. क्योंकि यहां पूर्व मुख्यमंत्री और कांग्रेस के कद्दावर नेता दिग्विजय सिंह का मुकाबला भाजपा की साध्वी प्रज्ञा से है. जिनके हाल ही में दिए कुछ बयानों ने हर तरफ माहौल में गर्माहट ला दी थी. ऐसे में हर तरफ सिर्फ साध्वी प्रज्ञा के बयानों की ही चर्चा हो रही है.