लोगों को हाइवे पर लगी पाबंदी को तोड़कर गाड़ियां चलानी चाहिए, हम देखते हैं कौन कार्रवाई करता है: महबूबा

महबूबा मुफ्ती ने कहा कि राजमार्ग के इस्तेमाल पर लगाया गया प्रतिबंध जम्मू कश्मीर के लोगों का दमन करने की कोशिश है और यह राज्य की अर्थव्यवस्था और लोगों के मूल अधिकारों पर हमला है.

लोगों को हाइवे पर लगी पाबंदी को तोड़कर गाड़ियां चलानी चाहिए, हम देखते हैं कौन कार्रवाई करता है: महबूबा
जम्मू कश्मीर की पूर्व मुख्यमंत्री महबूबा मुफ्ती (फाइल फोटो)

श्रीनगर: पूर्व मुख्यमंत्री और पीपल्स डेमोक्रेटिक पार्टी (पीडीपी) की अध्यक्ष महबूबा मुफ्ती ने बुधवार को लोगों से जम्मू-कश्मीर में राजमार्ग पर लगाए प्रतिबंध को ना मानने को कहा और कश्मीर में फिलिस्तीन जैसी स्थिति के लिए भारत को चेतावनी दी.

राष्ट्रीय राजमार्ग पर रविवार और बुधवार को सिविल यातायात पर चलने पर प्रतिबंध का विरोध करते हुए, मुफ्ती ने बुधवार को श्रीनगर के पंथा चौक इलाके में कहा, 'जम्मू और कश्मीर का नई दिल्ली के साथ संबंध फिलिस्तीन-इजरायल के रिश्ते की तरह नहीं है. अगर नई दिल्ली चाहता है, की फिलिस्तीन-इज़राइल की तरह हमारे संबंध ही तो फिर उन्हें फिलिस्तीन जैसी स्थिति के लिए भी तैयार रहना होगा.'

महबूबा मुफ्ती ने कहा 'यह कश्मीरियों और उनकी अर्थव्यवस्था तबाह करने के लिए आदेश है. लोगों को आदेश ना मानते हुए राजमार्ग पर अपने वाहन चलाने चाहिए. हम देखेंगे कि कौन उनके खिलाफ कार्रवाई करता है,'

उमर अब्दुल्ला ने निकाला विरोध मार्च
वही जम्मू-कश्मीर के पूर्व मुख्यमंत्री और नेशनल कॉन्फ्रेंस के उपाध्यक्ष उमर अब्दुल्ला ने भी गुरुवार को राजमार्ग बंद करने के आदेश के खिलाफ विरोध मार्च निकाला. उमर ने कहा, 'हम फिर आज यह मांग करते है की इस तुगलकी फरमान को वापिस लिया जाए. उन्होंने कहा की खुद सेना नहीं चाहती और न ही उन्होंने इस प्रतिबंध की मांग की है तो फिर सरकार यह सब क्यूं कर रही है.'

गौरतलब है कि राज्य के गृह सचिव शालीन काबरा द्वारा तीन अप्रैल को जारी एक आदेश के मुताबिक उत्तर कश्मीर में बारामुला से जम्मू क्षेत्र में उधमपुर तक असैन्य यातायात की आवाजाही की इजाजत 31 मई तक रविवार और बुधवार के दिनों में नहीं होगी. 

(इनपुट - भाषा)