शिमोगा लोकसभा सीट: येदि‍युरप्‍पा के गढ़ में 20 साल से कांग्रेस को जीत का इंतजार

शिमोगा लोकसभा सीट पर बीजेपी ने येदि के बेटे बीवाई राघवेंद्र को अपना उम्‍मीदवार बनाया है. वह लोकसभा का उपचुनाव यहां से जीत चुके हैं. लेकिन पिता के मुकाबले उनका जीत का प्रतिशत काफी कम हो गया था. अब लोकसभा चुनाव 2019 में उनका मुकाबला जेडीएस के मधु बंगारप्‍पा से है.

शिमोगा लोकसभा सीट: येदि‍युरप्‍पा के गढ़ में 20 साल से कांग्रेस को जीत का इंतजार
कांग्रेस उम्‍मीदवार मधु बंगारप्‍पा और बीजेपी के प्रत्‍याशी बीवाई राघवेंद्र.

शिमोगा: कर्नाटक की ये सीट बीजेपी के राज्‍य में सबसे बड़े नेता बीएस येदियुरप्‍पा के गढ़ के रूप में जानी जाती है. यहां पर इस बार बीजेपी ने येदि के बेटे बीवाई राघवेंद्र को अपना उम्‍मीदवार बनाया है. वह लोकसभा का उपचुनाव यहां से जीत चुके हैं. लेकिन पिता के मुकाबले उनका जीत का प्रतिशत काफी कम हो गया था. अब लोकसभा चुनाव 2019 में उनका मुकाबला जेडीएस के मधु बंगारप्‍पा से है. ऐसे में देखना होगा राघवेंद्र कांग्रेस और जेडीएस के गठबंधन से कैसे पार पाते हैं.

कांग्रेस को इस सीट पर आखिरी बार 1999 में जीत मिली थी. उस समय कांग्रेस के सोरेकप्‍पा बंगारप्‍पा ने जीत हासिल की थी. उसके बाद कांग्रेस को इस सीट पर कभी भी जीत हासिल नहीं हुई. यहां तक कि इस सीट से 2005 में समाजवादी पार्टी ने भी जीत हासिल की थी. 2009 में यहां पर येदियुरप्‍पा के बेटे बीवाइ राघवेंद्र ने जीत हासिल की थी. 2014 में येदियुरप्‍पा ने जीत हासिल की थी. 2018 के उपचुनाव में उनके बेटे यहां से सांसद बने.

सम्राट अशोक ने की स्‍थापना
माना जाता है कि शिमोगा का नाम भगवान शिव के नाम पर पड़ा. इस शहर की स्‍थापना तीसरी शताब्‍दी में सम्राट अशोक ने की थी.
 
शिमोगा की कुल आबादी 20.09 लाख है. शिमोगा की 69 फीसदी आबादी ग्रामीण और 31 फीसदी आबादी शहरी है. इस सीट के अंतर्गत अनुसूचित जाति वर्ग की 16.05 फीसदी आबादी और अनुसूचित जनजाति वर्ग की 3.85 फीसदी आबादी भी आती है. शिमोगा लोकसभा क्षेत्र के अंतर्गत विधानसभा की 8 सीटें भी हैं.