up tet 2026 ews reservation: यूपी टीईटी 2026 में पहली बार EWS वर्ग को आरक्षण का लाभ देते हुए पासिंग मार्क्स को घटाकर 55 फीसदी यानी 82 नंबर कर दिया गया है. 20 मार्च को जारी नई गाइडलाइन के बाद आर्थिक रूप से कमजोर छात्रों को सामान्य वर्ग के मुकाबले बड़ी राहत मिली है.
Jalore News: राजपूत समाज के प्रतिनिधियों द्वारा EWS आरक्षण में विद्यमान विसंगतियों के सम्बंध में कई वर्षो से प्रयास किए जा रहे है. किंतु अभी तक इन प्रयासों का सकारात्मक हल नहीं निकला है. इसलिए इस बार भाजपा के ही जिला कार्यालयों पर समाज द्वारा धरने दिए जा रहे है.
Nitish Kumar Cabinet News: 2019 में केंद्र सरकार ने आर्थिक रूप से कमजोर वर्गों को 10 प्रतिशत आरक्षण देने का फैसला किया... 4 साल बाद बिहार में मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने न्यायिक सेवाओं में ईडब्ल्यूएस को 10 प्रतिशत आरक्षण दिया है... आज नीतीश कैबिनेट की बैठक में सामान्य वर्ग से आने वाले लोगों के लिए ईडब्ल्यूएस के तहत राज्य न्यायपालिका में 10 फीसदी आरक्षण देने की मंजूरी दे दी गई. देखें रिपोर्ट.
Bihar News: बिहार सरकार ने आर्थिक रूप से कमजोर वर्ग को 10 फीसदी आरक्षण देने का ऐलान किया है. सीएम नीतीश कुमार की अध्यक्षता में हुई कैबिनेट बैठक में यह फैसला लिया गया है. पूरी खबर पढ़ने के लिए नीचे स्क्रॉल करें.
तमिलनाडु सरकार ने सोमवार को कहा कि आर्थिक रूप से कमजोर वर्गों (ईडब्ल्यूएस) के लिए 10 प्रतिशत आरक्षण का प्रावधान राज्य में नहीं किया जाएगा, क्योंकि यह सामाजिक न्याय के आदर्शों के खिलाफ है. सरकार ने कहा कि राज्य मौजूदा आरक्षण नीति (69 प्रतिशत) को जारी रखने के लिए प्रतिबद्ध है.
Congress Strategy: कांग्रेस इस बार संसद में महंगाई, बेरोजगारी और ईडब्लूयएस आरक्षण का मुद्दा उठाने की बात कर रही है. हालांकि राहुल गांधी, समेत पार्टी के कई सांसद भारत जोड़ो यात्रा में शामिल होने की वजह से इस सत्र में भाग नहीं ले पाएंगे.
जब से सुप्रीम कोर्ट ने EWS आर्थिक रूप से पिछड़ों को 10 फीसदी अतिरिक्त आरक्षण का लाभ दिया है. तब से आरक्षण को लेकर नई सियासत शुरू हो गई है लगे हाथ पड़ोस के राज्य झारखंड में आरक्षण की सीमा 77 फीसदी तक बढ़ा दी गई है. इसके बाद मांग बिहार में भी हो रही है कि आरक्षण की सीमा बढ़ाई जाए. जिसकी जितनी भागीदारी उसकी उतनी हिस्सेदारी का मांग हो रही है.
EWS Quota: ନିକଟରେ ଦେଶର ସର୍ବୋଚ୍ଚ ନ୍ୟାୟାଳୟରେ ହୋଇଥିବା ବ୍ୟାଖ୍ୟା କୋଟା ସୀମାକୁ ବଢାଯାଇପାରେ। ଯାହାକୁ ବର୍ତ୍ତମାନ ପର୍ଯ୍ୟନ୍ତ ଅସମ୍ଭବ ବୋଲି ବିବେଚନା କରାଯାଉଥିଲା। ସଦ୍ୟ ସୁପ୍ରିମକୋର୍ଟ ନିଷ୍ପତ୍ତିରୁ ଏହା ଜଣାପଡିଛି ଯେ ଏହା ପଛୁଆ ବର୍ଗ, ଅନୁସୂଚିତ ଜାତି, ଅନୁସୂଚିତ ଜନଜାତି ବର୍ଗକୁ ମିଳୁଥିବା ଆରକ୍ଷଣର ସୀମା ୫୦% ସ୍ଥିର କରିଛନ୍ତି।
Reservation Limit : सुप्रीम कोर्ट की तरफ से EWS आरक्षण को बरकरार रखने के फैसले का जहां एक तरफ बिहार के लगभग हर सियासी दलों ने समर्थन किया. वहीं झारखंड की तरफ से आरक्षण की सीमा को बढ़ाए जाने के फैसले के बाद से ही बिहार में भी इसकी मांग तेज हो गई है. हेमंत सोरेन सरकार ने झारखंड विधानसभा सत्र बुलाकर जहां आरक्षण की सीमा को बढ़ाकर 77 प्रतिशत करने वाले विधेयक को जैसे ही पास कराया, बिहार में भी इसकी मांग तेज हो गई.
EWS Reservation : सुप्रीम कोर्ट ने EWS के लिए 10 फीसदी आरक्षण (EWS Reservation) को बरकरार रखने का फैसला सुनाया...जिसके बाद चर्चा शुरू हो गई कि क्या 50 फीसदी आरक्षण का दायरा खत्म हो गया है....इस चर्चा पर पूर्णविराम लगता....इससे पहले बिहार के मुख्यमंत्री नीतीश कुमार (Nitish Kumar) ने 50 फीसदी आरक्षण के बैरियर को तोड़ने की वकालत कर दी...सीएम नीतीश के बाद अब JDU के ही नेता उपेंद्र कुशवाहा ने आरक्षण के दायरे को बढ़ाने की मांग की है...देखिए ये रिपोर्ट...
विधेयक में कहा गया है कि राज्य संविधान की नौवीं अनुसूची में बदलाव करने का केन्द्र से आग्रह करेगा. एससी, एसटी, ईबीसी, ओबीसी और आर्थिक रूप से कमजोर तबके (ईडब्लयूएस) के लिए सरकारी नौकरियों में यह आरक्षण लागू होगा. भाजपा ने भी इसका समर्थन किया है.
EWS Reservation : सुप्रीम कोर्ट ने EWS के लिए 10 फीसदी आरक्षण (EWS Reservation) को बरकरार रखने का फैसला सुनाया...जिसके बाद चर्चा शुरू हो गई कि क्या 50 फीसदी आरक्षण का दायरा खत्म हो गया है....इस चर्चा पर पूर्णविराम लगता....इससे पहले बिहार के मुख्यमंत्री नीतीश कुमार (Nitish Kumar) ने 50 फीसदी आरक्षण के बैरियर को तोड़ने की वकालत कर दी..सीएम नीतीश ने आरक्षण की मौजूदा सीमा को बढ़ाने की बड़ी बात की...देखिए ये रिपोर्ट...
सुप्रीम कोर्ट की पांच जजों की बेंच से EWS कोटे पर फैसला आया है. इनमें से तीन जस्टिस दिनेश माहेश्वरी, जस्टिस बी एला त्रिवेदी और जस्टिस पारडीवाला ने संविधान के 103वें संशोधन को वैध बताया है. इसी संविधान संशोधन के तहत EWS कोटे का प्रावधान किया गया था.
सीएम ने कहा कि ईडब्लूएस को 10 प्रतिशत आरक्षण देने का फैसला बहुत अच्छा है लेकिन जो 50 फीसदी की सीमाएं हैं उसको बढ़ाना चाहिए. उसके लिए जरूरी है कि पूरे देश में जातीय जनगणना हो जिससे पता चल सके कि किसकी कितनी आबादी है
Jhunjhunu: सुप्रीम कोर्ट के ऐतिहासिक फैसले का झुंझुनूं जिला ब्राह्मण समाज के प्रदेश मंत्री उमाशंकर महमिया और सर्व ब्राह्मण महासभा जिला अध्यक्ष कमलकांत शर्मा ने खुशी जाहिर की है.
Reservation Debate: संविधान पीठ के 2 सदस्यों ने पिछड़ेपन को तय करने के तौर तरीकों को मौजूदा वक़्त की ज़रूरत के मुताबिक समीक्षा की ज़रूरत बताई है.
ଉଚ୍ଚ ଜାତିର ଆର୍ଥିକ ଅନଗ୍ରସରଙ୍କ ସଂରକ୍ଷଣ ବ୍ୟବସ୍ଥାକୁ ନେଇ କେନ୍ଦ୍ର ସରକାରଙ୍କ ସୁପ୍ରିମକୋର୍ଟରେ ବଡ଼ ବିଜୟ। ଚାକିରି ଓ ଶିକ୍ଷା କ୍ଷେତ୍ରରେ ୧୦ ପ୍ରତିଶତ ସଂରକ୍ଷଣ ଏଣିକି ପ୍ରତି ଉଚ୍ଚ ବର୍ଗ ଗରିବ ପ୍ରାର୍ଥୀଟିଏ ପାଇବ ।
देश के सरकारी शिक्षण संस्थानों में प्रवेश और सरकारी नौकरियों में आर्थिक रूप से कमजोर वर्गों के आरक्षण को लेकर सुप्रीम कोर्ट ने अपना फैसला सुना दिया है. पीठ के 3 सदस्यों में जस्टिस दिनेश माहेश्वरी, जस्टिस बेला एम त्रिवेदी और जस्टिस जेबी पारदीवाला ने 2019 के 103 वें संविधान संशोधन को संवैधानिक और वैध करार दिया है.
Supreme Court on EWS Reservation: ଆର୍ଥିକ ଭିତ୍ତିରେ ସାଧାରଣ ବର୍ଗର ଲୋକଙ୍କୁ ୧୦ ପ୍ରତିଶତ ସଂରକ୍ଷଣ ଦେବା ମାମଲାରେ ସୋମବାର ସୁପ୍ରିମକୋର୍ଟ ଏକ ଗୁରୁତ୍ୱପୂର୍ଣ୍ଣ ରାୟ ଶୁଣାଇଛନ୍ତି। ଏହି ମାମଲାର ଶୁଣାଣି କରି ଦେଶର ସର୍ବୋଚ୍ଚ ନ୍ୟାୟାଳୟ କହିଛନ୍ତି ଏହା ସମ୍ବିଧାନ ମୂଳ ଭାବନା ବିରୋଧୀ ନୁହେଁ। ସୋମବାର ୫ ଜଣ ସୁପ୍ରିମକୋର୍ଟ ବିଚାରପତିଙ୍କ ମଧ୍ୟର ୩ ଜଣ ଜଜ୍ ଅର୍ଥନୈତିକ ଦୁର୍ବଳ ବର୍ଗ ସଂରକ୍ଷଣ ସପକ୍ଷରେ ରାୟ ଦେଇଛନ୍ତି।
भारत में EWS यानी आर्थिक आधार पर आरक्षण अब आगे भी जारी रहेगा. सुप्रीम कोर्ट ने अपने फैसले में इस कोटे से आने वाले सामान्य वर्ग को मिलने वाले 10 फीसदी आरक्षण को हरी झंडी दी है. 5 में से 3 जजों ने EWS आरक्षण के समर्थन में फैसला दिया है.
सुप्रीम कोर्ट के EWS के फैसले के बाद बीजेपी महासचिव बी एल संतोष ने ट्वीट करते हुए फैसले का स्वागत किया है. उन्होंने लिखा है कि सुप्रीम कोर्ट ने अनारक्षित वर्गों के लिए EWS की वैधता को बरकरार रखा. साथ ही उन्होंने लिखा है कि पीएम मोदी को एक और बड़ा श्रेय.
Ashok Gehlot: EWS आरक्षण पर सुप्रीम कोर्ट की मोहर के बाद अब इसके लेकर सीएम अशोक गहलोत ने अब EWS को कांग्रेस का पुराना मुद्दा बताया है साथ ही कहा है कि वाजपयी सरकार के दौर में भी हमने ये मुद्दा उठाया था. साथ ही गुजरात सरकार पर भी सीएम ने जमकर निशाना साधा है. गुजरात को पहले से विकासशील बताते हुए बीजेपी के शासन को कुशासन करार दिया है. (वीडियो देखने के लिए 5 सेकंड रुकें)