नक्सलियों ने लगाए चुनाव बहिष्कार के पोस्टर, कश्मीर लिबरेशन फ्रंट पर प्रतिबंध लगाए जाने का किया विरोध

मामला दंतेवाड़ा के किरंदुल थाना क्षेत्र का है, जहां नक्सलियों ने स्कूल की दीवारों पर चुनावी बहिष्कार के नारे लिखे हैं और लोगों से अपील की है कि वह लोकसभा चुनाव 2019 में मतदान न करें. 

नक्सलियों ने लगाए चुनाव बहिष्कार के पोस्टर, कश्मीर लिबरेशन फ्रंट पर प्रतिबंध लगाए जाने का किया विरोध
नक्सलियों ने मतदान केंद्रों में लिखे चुनाव बहिष्कार के नारे

दंतेवाड़ाः छत्तीसगढ़ के दंतेवाड़ा में नक्सलियों ने एक बार फिर अपनी उपस्थिति दर्ज कराई है. नक्सलियों ने यहां परपा स्कूल भवन की दीवार और मतदान केंद्रों पर चुनाव बहिष्कार के नारे लिखकर लोगों से चुनाव बहिष्कार की अपील की है. वहीं इन पर्चों के जरिए कश्मीर लिबरेशन फ्रंट पर प्रतिबंध लगाए जाने पर भी विरोध जताया है. मामला दंतेवाड़ा के किरंदुल थाना क्षेत्र का है, जहां नक्सलियों ने स्कूल की दीवारों पर चुनावी बहिष्कार के नारे लिखे हैं और लोगों से अपील की है कि वह लोकसभा चुनाव 2019 में मतदान न करें. 

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स्कूल की दीवारों पर नक्सलियों ने लिखा है कि 'अपने अस्तित्व और अस्मिता को बचाए रखें और सुनिश्चित करें कि जल, जंगल, जमीन और संसाधनों पर जनता का ही हक हो. साम्यवाद की सेवा और गुलामी नहीं संप्रभुता संपन्न भारत हो. सशस्त्र बलों का दामन और दहशत नहीं अमन-चैन हो. पांच साल तक शोषण जारी रखने के लिए होने वाले चुनाव कतई न हों. भाकपा माओवादी, दरभा डिवीजन कमेटी.' वहीं साथ ही साथ माओवादियों ने कई जगह चुनाव का बहिष्कार करो और भाकपा माओवादी जिंदाबाद के नारे भी लिखे हैं.

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बता दें इससे पहले भी गरियाबंद जिले में माओवादियों द्वारा आम चुनाव के बहिष्कार का आह्वान करने वाले पर्चे मिले थे, जिसमें माओवादियों ने क्षेत्र के ग्रामीणों से चुनाव का बहिष्कार करने की अपील की थी. पर्चे पाए जाने के बाद आस-पास के इलाकों में काफी भय भी फैल गया था, जिसके बाद स्थानीय पुलिस ने एक टीम गांव भेजी और पर्चे हटवाए गए. बता दें गरियाबंद का पिपराखेड़ी ओडिशा की सीमा से सटा हुआ है, जिसके चलते जंगली इलाकों का फायदा उठाकर यहां नक्सलियों ने अपना गढ़ बनाया हुआ है.

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वहीं गरियाबंद के अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक सुखनंदन राठौड़ ने घटना की सूचना देते हुए बताया था कि इससे पहले इलाके में किसी भी तरह की नक्सली गतिविधियां नजर नहीं आ रही थीं, नक्सली ऐसा ग्रामीणों में दहशत फैलने के लिए कर रहे हैं. इसीलिए पुलिस ने नक्सलियों के ठिकानों का पता लगाने के लिए इलाकों में गश्त तेज कर दी है.