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पिता के नाम पर रखा था पार्टी का नाम, अब खुद रचने वाले हैं इतिहास, जानिए इनके बारे में...

लोकसभा चुनाव 2019 के परिणामों की घोषणा होने के साथ ही 4 राज्यों के विधानसभा चुनावों के नतीजों का ऐलान भी आज हो रहा है. 

पिता के नाम पर रखा था पार्टी का नाम, अब खुद रचने वाले हैं इतिहास, जानिए इनके बारे में...
फाइल फोटो

नई दिल्ली : लोकसभा चुनाव 2019 के परिणामों की घोषणा होने के साथ ही 4 राज्यों के विधानसभा चुनावों के नतीजों का ऐलान भी आज हो रहा है. ओडिशा में कुल 147 विधानसभा सीटें हैं. शुरुआती रुझानों में नवीन पटनायक की पार्टी बीजू जनता दल (बीजद) आगे चल रही है. 2014 में हुए चुनाव में बीजू जनता दल ने 117 सीटें जीतकर स्पष्ट बहुमत हासिल किया था.

दिलचस्प है राज सत्ता तक पहुंचने की कहानी
बीजद अगर सत्ता में आती है तो नवीन पटनायक पांचवीं बार ओडिशा के मुख्यमंत्री बनेंगे. ओडिशा की सत्ता के शिखर पर पटनायक के पहुंचने की कहानी बेहद ही दिलचस्प है. अपने पिता बीजू पटनायक की मौत के बाद नवीन पटनायक ने राजनीति में कदम रखा. नवीन पटनायक ने अपने पिता के नाम पर बीजू जनता दल का गठन किया और एक साल बाद 1997 में राजनीति में प्रवेश किया. 

इस वजह से मिला है जनता का साथ
1997 में नवीन पटनायक ने बीजेपी के साथ मिलकर राज्य में सरकार बनाई और मुख्यमंत्री बने. नवीन पटनायक ने भ्रष्टाचार विरोधी और गरीबों के साथ खड़े होने के नारे दिए, जिससे उनको राज्य में काफी समर्थन मिला.

20 साल तक सत्ता में रहने वाले सीएम
ओडिशा के मुख्यमंत्री पद पर रहने वाले नवीन पटनायक बीजद की जीत के बाद खुद एक इतिहास रचने वाले हैं. पटनायक देश के तीसरे ऐसे मुख्यमंत्री हैं, जिन्होंने 20 साल से ज्यादा तक सत्ता का सफर तय किया है. वह देश के ऐसे तीसरे मुख्यमंत्री हैं, जो 20 सालों तक सत्ता में कायम रहें. सबसे ज्यादा दिनों तक कार्यकाल संभालने वाले मुख्यमंत्रियों की लिस्ट में पहले स्थान पर सिक्किम के मुख्यमंत्री पवन कुमार चामलिंग का नाम आता है, इससे पहले पहले यह रिकॉर्ड पश्चिम बंगाल के मुख्यमंत्री सीपीएम नेता ज्योति बसु के नाम पर था. ज्योति बासु 23 साल तक पश्चिम बंगाल के मुख्यमंत्री के तौर पर आसीन रहे हैं.