यह रिसर्च जर्नल Nature में 13 मई को प्रकाशित हुई. स्टडी में पाया गया कि कम नींद और ज्यादा नींद दोनों ही दिमाग, दिल, फेफड़ों और इम्यून सिस्टम की उम्र बढ़ने की प्रक्रिया को तेज कर सकते हैं.
कई लोगों की रात करवट बदलते-बदलते ही बीत जाती है, जिसका असर अगले दिन देखने को मिलता है. हालांकि अगर आप कुछ खास ड्रिंक्स पिएंगे तो सुकून भरी नींद आ सकती है.
कई लोगों को रात के वक्त सुकून की नींद नहीं आती, करवटें बदलते रात बीत जाती है, ऐसे में कुछ घरेलू उपाय आपके बहुत ही ज्यादा काम आ सकते हैं.
When to Change Old Pillow: जिस कमरे में आप सोते हैं वहां बिस्तर पर मौजूद तकिए को हम कई सालों तक यूं ही सालों-साल यूज करते रहते हैं. इस बात का भी ख्याल नहीं रहता कि इनको बदलने का वक्त कब का आ चुका है.
पसीने से तर कपड़े पहनकर सोना एक छोटी-सी लापरवाही लगती हो, लेकिन इसका असर शरीर पर काफी बड़ा हो सकता है. इसलिए सेहत और स्किन दोनों की सेफ्टी के लिए सोने से पहले हमेशा सूखे और कंफर्टेबल कपड़े पहनना जरूरी है.
अगर रात को सही से नींद न आए तो शरीर थककर चूर हो जाता है, ऐसे में जरूरी है कि हम राहत पाने के लिए कुछ खास योगासन का सहारा लें.
अगर आप किसी हेल्थ एक्सपर्ट के पास जाएंगे तो वो हर हाल में रोजाना 7 से 8 घंटे की नींद लेने की सलाह देंगे. लेकिन क्या होगा अगर आप क्वालिटी स्लीप के ड्यूरेशन में कमी करेंगे.
रात में चैन की नींद पाना तभी मुमकिन है जब आपका कमरा और बिस्तर महजफूज रहे और कीड़ों से आजाद हो. इसलिए बेहतर है कि आप पहले ही इसके लिए उपाय कर लें.
How Street Light Affect Heart Health: कमरे में चमकती सिटी नाइट लाइट या चमकीले लैंप शरीर की सर्कैडियन रिदम को अफेक्ट कर सकते हैं, जिससे कोरोनरी आर्टरी डिजीज की आशंका बढ़ जाती है.
अगर रातों को सुकूनभरी न आए, तो जीना मुश्किल हो जाता है, क्योंकि ये सेहत से जुड़ी कई परेशानियां पैदा करता है, ऐसे में आपको क्या करना चाहिए, ये जानना जरूरी है.
नींद हमारी सेहत का एक अहम हिस्सा है, अगर ये पूरी न हो पाए तो बॉडी के कई फंक्शंस में दिक्कतें आने लगती हैं, लेकिन कुछ आदतों को अपनाकर इस परेशानी से निजात पाया जा सकता है.
एजिंग के साथ नींद का पैटर्न बदलना बेहद नॉर्मल है, इसे यंग एज ग्रुप के लोगों से कंपेयर नहीं किया जा सकता, क्योंकि दोनों का शरीर और जरूरतें अलग-अलग होती हैं.
अगर आप या आपके साथी को लगातार खर्राटे आते हैं, और साथ में सांस रुकने की परेशानी है, तो इसे नजरअंदाज न करें. य् स्लीप एपनिया का लक्षण हो सकता है, जिसका वक्त रहते इलाज बेहद जरूरी है.
मेनोपॉज के बाद नींद में बदलाव आम बात है, लेकिन इसे नजरअंदाज करना ठीक नहीं. सही रूटीन, डाइट और मेंटल बैलेंस के जरिए आप दोबारा गहरी और शांत नींद पा सकती हैं.
Risk Of Sleeping Over 9 Hours: ਆਮ ਤੌਰ 'ਤੇ ਅਸੀਂ ਸੋਚਦੇ ਹਾਂ ਕਿ ਘੱਟ ਸੌਣਾ ਸਿਹਤ ਲਈ ਨੁਕਸਾਨਦੇਹ ਹੈ, ਪਰ ਸੱਚਾਈ ਇਹ ਹੈ ਕਿ ਜੇਕਰ ਅਸੀਂ ਬਹੁਤ ਜ਼ਿਆਦਾ ਸੌਂਦੇ ਹਾਂ ਤਾਂ ਵੀ ਸਿਹਤ ਨੂੰ ਖ਼ਤਰਾ ਹੋਣ ਦਾ ਡਰ ਰਹਿੰਦਾ ਹੈ।
आमतौर पर हमें लगता है कि सिर्फ कम सोने से ही सेहत को नुकसान होता है, लेकिन सच तो ये भी है कि ज्यादा देर सोएंगे तब भी हेल्थ रिस्क होने का डर रहता है.
आपने सुना होगा कि हर हेल्दी एडल्ट को रोजाना 7 से 9 घंटे की नींद लेनी चाहिए, लेकिन ये कैसे मुमकिन है कि 4 से 6 घंटे के लिए सोने वाले कुछ लोग फ्रेश फील करते हैं.
Melatonin Rich Foods For Better Sleep: इस बात से हम सभी वाकिफ हैं कि एक सुकून भरी नींद फिजिकल और मेंटल हेल्थ के लिए बेहद जरूरी है. अगर रोजाना 7 से 8 घंटे का आराम आपको नहीं मिलता, तो इसका असर अगले दिन आपके चेहरे पर साफ पता लगने लगता है. कई लोगों के लिए राहत की नींद पाना ख्वाब बन जाता है, हो सकता है कि उनकी फूड हैबिट्स इसके लिए जिम्मेदार हो. डाइटीशियन आयुषी यादव (Ayushi Yadav) ने बताया कि गुड स्लीप के लिए आप कुछ मेलाटोनिन रिच फूड्स का इनटेक बढ़ा सकते हैं.
सुबह जल्दी उठने की आदत बनाना कोई नामुमकिन काम नहीं है. बस थोड़ी सी डिसिप्लिन और स्लीपिंग पैटर्न में सुधार लाकर आप न सिर्फ ऑफिस समय पर पहुंच सकते हैं, बल्कि पूरे दिन तरोताजा और ऊर्जावान भी महसूस करेंगे.
Poor Sleep and Heat Attack Connection: लगातार हार्ट अटैक से मरने की खबरें सोशल मीडिया पर आ रही हैं. हाल ही में शेफाली जरीवाला की मौत का कारण भी हार्ट अटैक ही था. ऐसे में सवाल उठने लगे कि नींद की कमी से भी हार्ट अटैक का खतरा बढ़ गया है. क्या ये सच है ? तुरंत जान लें. वीडियो में दी गई जानकारी डॉ. श्रीदेवी चिगुल्लापल्ली (Dr. Sridevi Chigullapalli), कंसल्टेंट कार्डियोलॉजिस्ट, डीपीयू सुपर स्पेशलिटी हॉस्पिटल, पिंपरी, पुणे ने दी है. देखिए..............
इस बात से हम सभी वाकिफ हैं कि एक हेल्दी एडल्ट को रोजाना 7 से 8 घंटे की नींद लेना जरूरी है, वरना दिल से जुड़ी परेशानियों का सामना करना पड़ सकता है, जो बेहद खतरनाक है.
लिवर की बीमारी बेहद खतरनाक होती है, ये धीरे-धीरे ओवरऑल हेल्थ को काफी ज्यादा अफेक्ट कर देती है, जिससे आपकी जिंदगी खराब हो सकती है, इसलिए रात में नजर आने वाले लक्षणों को जरूर पहचानें.